प्रधानमंत्री मोदी का मन की बात कार्यक्रम: 128वां एपिसोड आज
प्रधानमंत्री का मासिक संबोधन
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' के 128वें एपिसोड में देशवासियों को संबोधित करेंगे। यह प्रसारण सुबह 11 बजे से शुरू होगा और इसे आकाशवाणी (ऑल इंडिया रेडियो) और दूरदर्शन नेटवर्क पर सुना जा सकेगा।
कार्यक्रम को आकाशवाणी समाचार वेबसाइट और न्यूज़ऑनएयर मोबाइल ऐप पर भी उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अलावा, आकाशवाणी समाचार, डीडी न्यूज़, प्रधानमंत्री कार्यालय और सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के यूट्यूब चैनलों पर इसे लाइव स्ट्रीम किया जाएगा। हिंदी संस्करण के बाद, क्षेत्रीय भाषाओं में भी इसका प्रसारण होगा।
'मन की बात' कार्यक्रम प्रधानमंत्री का एक प्रमुख मंच है, जहां वे विभिन्न राष्ट्रीय मुद्दों पर अपने विचार साझा करते हैं, जमीनी स्तर की पहलों को उजागर करते हैं और विकास एवं सामाजिक अभियानों में जनभागीदारी को प्रोत्साहित करते हैं।
आज के एपिसोड में विशेष चर्चा
आज के एपिसोड में क्या होगा खास?
आज के एपिसोड में पीएम मोदी विभिन्न मुद्दों पर अपनी राय व्यक्त करेंगे और जनता से संवाद करेंगे। वे विमेंस वनडे वर्ल्ड कप और ब्लाइंड विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में जीतने वाली महिला खिलाड़ियों पर चर्चा कर सकते हैं।
पिछले एपिसोड की मुख्य बातें
पिछले एपिसोड में छठ पर्व का जिक्र
26 अक्टूबर को प्रसारित पिछले एपिसोड में, प्रधानमंत्री ने छठ पर्व की शुभकामनाएं दीं और संस्कृत के पुनरुद्धार में योगदान देने वाले युवा रचनाकारों की सराहना की। उन्होंने भारत के कॉफी क्षेत्र को वैश्विक स्तर पर मिल रही मान्यता का भी जश्न मनाया।
प्रधानमंत्री मोदी ने 'जीएसटी बचत उत्सव' का भी उल्लेख किया, जो जन कल्याणकारी प्रयासों का हिस्सा था। उन्होंने स्वच्छता और स्थिरता को बढ़ावा देने वाली कई नागरिक-संचालित पहलों पर भी प्रकाश डाला, जैसे छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में 'गार्बेज कैफे' और बेंगलुरु में झीलों के पुनर्जीवित करने का अभियान।
उन्होंने सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की भी प्रशंसा की, जिन्होंने भारतीय नस्ल के कुत्तों की उपस्थिति बढ़ाई है। पिछले कुछ वर्षों में, 'मन की बात' कार्यक्रम ने नागरिक सहभागिता को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच के रूप में कार्य किया है।
मन की बात की यात्रा
कब हुई मन की बात की शुरुआत
अक्टूबर 2014 में शुरू होने के बाद से, इस कार्यक्रम ने स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, डिजिटल साक्षरता और महिला सशक्तिकरण जैसे मुद्दों पर जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। यह कार्यक्रम अक्सर व्यापक भागीदारी और जन-संचालित आंदोलनों को उत्प्रेरित करता है।
