पीएम मोदी ने राज्यसभा में कांग्रेस पर साधा निशाना, कहा- देश को भुगतना पड़ा परिणाम
विपक्ष का वॉकआउट
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा में कहा कि कांग्रेस के पास न तो सोच है, न ही इच्छाशक्ति, और इसका खामियाजा देश को भुगतना पड़ा है। उन्होंने कहा कि हमारी ताकत इनकी गलतियों को सुधारने में भी जा रही है। पीएम मोदी राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब दे रहे थे, जब विपक्ष ने नारेबाजी शुरू कर दी।
विपक्षी नेताओं ने राहुल गांधी को बोलने की अनुमति देने की मांग की, जिस पर पीएम मोदी ने कहा कि खड़गे जी की उम्र को देखते हुए उन्हें बैठकर नारे लगाने की इजाजत दी जाए। इसके बाद विपक्ष ने सदन से वॉकआउट कर दिया। मोदी ने कहा कि इन लोगों को कभी न कभी जवाब देना होगा।
भारत की वैश्विक स्थिति
प्रधानमंत्री ने कहा कि हाल ही में विभिन्न दलों के प्रतिनिधिमंडल ने जब विदेश यात्रा की, तो उन्होंने देखा कि विश्व हमें बराबरी से देखता है। हमने एमएसएमई क्षेत्र में जो प्रयास किए हैं, उससे दुनिया का भरोसा बढ़ा है।
व्यापारिक संबंधों की बढ़ती रुचि
पीएम मोदी ने कहा कि देश में किए गए प्रयासों का परिणाम यह है कि बड़े देश भारत के साथ व्यापारिक संबंध बनाने के लिए उत्सुक हैं। उन्होंने सदन में पीयूष गोयल द्वारा बताए गए व्यापारिक सौदों का उल्लेख किया।
वोट बैंक की राजनीति का प्रभाव
उन्होंने कहा कि मैन्यूफैक्चरिंग के लिए एक मजबूत इकोसिस्टम होना आवश्यक है, ताकि विश्व आपके साथ व्यापार करने के लिए आगे आए। वोट बैंक की राजनीति में चुने गए नेताओं ने कभी भी देश को प्राथमिकता नहीं दी।
रिफॉर्म परफॉर्म की नीति
पीएम मोदी ने कहा कि हमने भविष्य के लिए तैयार नीति पर जोर दिया है। आज देश नीति के आधार पर चल रहा है, जिससे विश्व का विश्वास बनता है। हम रिफॉर्म परफॉर्म के सिद्धांत के साथ आगे बढ़ रहे हैं।
भारत की आर्थिक स्थिति
उन्होंने कहा कि भारत की ग्रोथ दर बहुत उच्च है और यह एक अनोखा संयोग है। जब देश स्वतंत्र हुआ, तब हम दुनिया की छठी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था थे, लेकिन कांग्रेस के कारण हम ग्यारहवें स्थान पर पहुंच गए। अब हम तीसरे स्थान की ओर बढ़ रहे हैं।
बैंकिंग प्रणाली की आलोचना
प्रधानमंत्री ने कहा कि 2014 से पहले बैंकिंग प्रणाली में फोन बैंकिंग होती थी, जहां नेताओं के फोन पर करोड़ों रुपए दिए जाते थे। कांग्रेस के नेताओं के फोन पर अरबों रुपए दिए गए और जो लोग लेते थे, वे उसे अपनी संपत्ति मानकर हजम कर जाते थे।
सत्ता पक्ष की आलोचना
पीएम मोदी ने कहा कि सत्ता पक्ष कुछ नहीं कर रहा है और उपदेश दे रहा है। उन्होंने कहा कि जिनकी सरकार शराब में डूबी हुई है, वे दूसरों को उपदेश दे रहे हैं।
टीएमसी की भूमिका
प्रधानमंत्री ने कहा कि टीएमसी अपने गिरेबां में झांककर देखे। राज्य अंधकार में डूबा हुआ है और वे उपदेश दे रहे हैं।
घुसपैठियों का मुद्दा
उन्होंने कहा कि घुसपैठियों को बचाने के लिए अदालतों पर दबाव डाला जा रहा है। ये घुसपैठिए देश के युवाओं का हक छीन रहे हैं।
