अभिजीत दिपके का किरेन रिजिजू पर हमला, भारतीय युवाओं को पाकिस्तानी कहने का आरोप
कॉकरोच जनता पार्टी का विवाद
नई दिल्ली । 'कॉकरोच जनता पार्टी' के संस्थापक अभिजीत दिपके ने केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू पर तीखा हमला किया है। दिपके ने सोशल मीडिया पर सीजेपी को मिल रहे समर्थन पर टिप्पणी करने के लिए रिजिजू को निशाने पर लिया। रिजिजू ने आरोप लगाया था कि सीजेपी को समर्थन देने वाले युवा भारतीय नहीं, बल्कि पाकिस्तान और अन्य देशों के हैं।
केंद्रीय मंत्री ने एक एक्स पोस्ट में लिखा कि उन्हें उन लोगों पर तरस आता है जो सोशल मीडिया पर पाकिस्तान और जॉर्ज सोरोस के समूह से फॉलोअर्स की तलाश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत की युवा आबादी बहुत बड़ी है और वे सच्चे फॉलोअर्स बन सकते हैं।
This is the screen recording of our audience demographic which we have shared with media before our account was hacked.
More than 94% of the audience is from India.
Why is a Union Minister @KirenRijiju labelling Indian youth as Pakistani? https://t.co/av0WnxIOui pic.twitter.com/W4YY1LL1IJ
— Abhijeet Dipke (@abhijeet_dipke) May 23, 2026
दिपके का जवाब
दिपके ने रिजिजू के पोस्ट पर पलटवार करते हुए सीजेपी के आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट का उपयोग कर ऑडियंस डेमोग्राफिक्स साझा किया। उन्होंने कहा कि उनकी 94 प्रतिशत से अधिक ऑडियंस भारत से है। फिर किरेन रिजिजू भारतीय युवाओं को पाकिस्तानी क्यों बता रहे हैं?
भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत द्वारा 'व्यवस्था पर हमला करने वालों' पर की गई टिप्पणी के जवाब में बनाई गई 'कॉकरोच जनता पार्टी' को व्यापक जनसमर्थन मिल रहा है। जैसे-जैसे इस कैंपेन की लोकप्रियता बढ़ रही है, सत्ताधारी बीजेपी ने इसकी आलोचना तेज कर दी है। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का कहना है कि इस ट्रेंड के पीछे विदेशी ताकतें हैं, जिनका उद्देश्य भारत को अस्थिर करना है।
हालांकि, बीजेपी का आधिकारिक रुख इस मामले में अडिग है, लेकिन पार्टी के भीतर कुछ आवाजें भी उठ रही हैं, जो इस मुद्दे पर सावधानी बरतने की सलाह दे रही हैं। उनका मानना है कि युवाओं में बढ़ते असंतोष को केवल पाबंदियों से नहीं रोका जा सकता।
15 मई को मुख्य न्यायाधीश ने एक वकील को फटकार लगाई थी, जिसने दिल्ली हाई कोर्ट में 'सीनियर एडवोकेट' का दर्जा देने की मांग की थी।
मुख्य न्यायाधीश की टिप्पणी
मुख्य न्यायाधीश ने सवाल उठाया कि क्या इस दर्जे के लिए जोर देना उचित है। उन्होंने कहा कि समाज में पहले से ही ऐसे परजीवी मौजूद हैं जो व्यवस्था पर हमला करते हैं। कुछ युवा ऐसे होते हैं जिन्हें न रोजगार मिलता है और न ही इस पेशे में कोई स्थान।
इन टिप्पणियों से काफी हंगामा मच गया था। इसी के जवाब में अभिजीत दिपके ने 'कॉकरोच जनता पार्टी' नाम की सोशल मीडिया कैंपेन शुरू की, जिसे देश के युवाओं का व्यापक समर्थन मिल रहा है।
सत्ताधारी बीजेपी ने वायरल 'कॉकरोच जनता पार्टी' हैंडल की आलोचना करने में तेजी दिखाई है। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का आरोप है कि इस ट्रेंड के पीछे विदेशी ताकतों का हाथ है, जिसका मकसद भारत को अस्थिर करना है। लेकिन, जहां एक तरफ पार्टी का आधिकारिक रुख इस मामले पर अडिग है, वहीं दूसरी तरफ पार्टी के भीतर और उसके सहयोगियों के बीच से कुछ ऐसी आवाजें भी उठ रही हैं, जो इस मामले में सावधानी बरतने की सलाह दे रही हैं।
