×

चीन में 'प्लास्टिक ईटिंग' ट्रेंड: क्या है ये खतरनाक तरीका?

चीन में एक नया और खतरनाक ट्रेंड 'प्लास्टिक ईटिंग' तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें युवा वजन कम करने के लिए प्लास्टिक रैप का उपयोग कर रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यह तरीका न केवल शारीरिक स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य पर भी नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है। जानें इस ट्रेंड के बारे में और इसके संभावित स्वास्थ्य जोखिमों के बारे में।
 

सोशल मीडिया पर नया ट्रेंड


सोशल मीडिया पर हर कुछ समय में एक नया और चौंकाने वाला ट्रेंड उभरता है। हाल ही में, एक ऐसा ट्रेंड सामने आया है जिसने डॉक्टरों और विशेषज्ञों को चिंतित कर दिया है। चीन में युवा वजन घटाने के लिए एक अजीब और खतरनाक तरीका अपना रहे हैं, जिसे 'प्लास्टिक ईटिंग' या 'क्लिंग रैप डाइट' कहा जा रहा है। इस ट्रेंड से जुड़े वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं और लाखों लोग इन्हें देख रहे हैं।


प्लास्टिक ईटिंग क्या है?

इस ट्रेंड में लोग अपने मुंह पर प्लास्टिक रैप लगाते हैं। फिर वे उस प्लास्टिक के अंदर खाना डालकर उसे चबाते हैं और बाद में थूक देते हैं। दावा किया जा रहा है कि इससे बिना कैलोरी लिए दिमाग को तृप्ति का एहसास कराया जा सकता है। कुछ लोग मानते हैं कि इससे भूख कम लगती है और वजन नियंत्रण में रहता है। हालांकि, स्वास्थ्य विशेषज्ञ इस दावे को पूरी तरह गलत और खतरनाक मानते हैं। उनका कहना है कि यह तरीका न तो सुरक्षित है और न ही प्रभावी है।


शारीरिक स्वास्थ्य पर प्रभाव

चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार, प्लास्टिक के छोटे कण शरीर में प्रवेश कर सकते हैं, जिन्हें माइक्रोप्लास्टिक कहा जाता है। ये पेट और आंतों को नुकसान पहुंचा सकते हैं, जिससे गैस, दर्द और उल्टी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। यदि प्लास्टिक के कण सांस के जरिए शरीर में चले जाएं, तो खांसी और सांस लेने में कठिनाई हो सकती है। इसके अलावा, प्लास्टिक में मौजूद कुछ रसायन हार्मोन के संतुलन को भी बिगाड़ सकते हैं। लंबे समय तक ऐसा करने से लीवर और फेफड़ों पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।


मानसिक स्वास्थ्य पर असर

विशेषज्ञों का कहना है कि यह ट्रेंड केवल शारीरिक स्वास्थ्य के लिए ही नहीं, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी हानिकारक है। खाने के साथ अस्वस्थ संबंध बन सकता है। बार-बार खाना चबाकर थूकना एक गंभीर ईटिंग डिसऑर्डर का रूप ले सकता है, जिससे शरीर के प्रति नकारात्मक सोच और चिंता बढ़ सकती है।


क्या वजन घटाने में मददगार है?

डॉक्टर स्पष्ट रूप से कहते हैं कि यह तरीका वजन घटाने में सहायक नहीं है। खाना चबाकर थूकने से शरीर को आवश्यक पोषण नहीं मिलता, जिससे बाद में अधिक भूख लग सकती है और ओवरईटिंग का खतरा बढ़ जाता है। वजन घटाने के लिए संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और सही जीवनशैली ही सुरक्षित और प्रभावी उपाय हैं।


सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाएं

सोशल मीडिया पर इस ट्रेंड को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कई यूजर्स ने इसे खतरनाक बताया है और कहा है कि ऐसे वीडियो शेयर नहीं किए जाने चाहिए। कुछ लोगों का मानना है कि वजन कम करने के लिए अनुशासन और स्वस्थ आदतें जरूरी हैं, न कि ऐसे जोखिम भरे प्रयोग।