2026 में आर्थिक स्थिरता के लिए शुभ तिथियाँ और ज्योतिषीय योग
नए साल की शुरुआत और ज्योतिषीय दृष्टिकोण
नया साल 2026 शुरू हो चुका है, और यह वर्ष धार्मिक तथा ज्योतिषीय दृष्टि से अत्यंत सकारात्मक रहने की उम्मीद है, क्योंकि इसे सूर्य ग्रह का वर्ष माना जाता है। धार्मिक दृष्टिकोण से जनवरी का महीना नए निवेश, व्यापारिक सौदों और धन के लेन-देन के लिए विशेष रूप से शुभ रहेगा। ज्योतिष के अनुसार, इस महीने में ग्रहों की स्थिति, विशेषकर गुरु और शुक्र की अनुकूलता, कई शुभ योगों का निर्माण कर रही है। जब हम शुभ मुहूर्त में धन का लेन-देन करते हैं, तो इससे धन में वृद्धि की संभावना बढ़ जाती है और हानि का डर कम होता है। आइए जानते हैं कि कर्ज चुकाने, बैंक में जमा करने या नए निवेश के लिए जनवरी की कौन सी तिथियाँ आपके आर्थिक जीवन में स्थिरता ला सकती हैं।
सर्वार्थ सिद्धि और अमृत सिद्धि योग का महत्व
जनवरी 2026 में कई दिनों पर सर्वार्थ सिद्धि योग का निर्माण हो रहा है। ज्योतिष में इसे अत्यंत प्रभावशाली माना जाता है, क्योंकि इस दौरान किए गए कार्यों में सफलता की संभावना अधिक होती है। यदि आप किसी बड़े निवेश का विचार कर रहे हैं या धन उधार देने की सोच रहे हैं, तो इन शुभ तिथियों का चयन करना लाभकारी रहेगा। इन तिथियों पर लेन-देन करने से धन फंसने की संभावना कम होती है और व्यापारिक लाभ के योग मजबूत होते हैं। यह समय विशेष रूप से उन लोगों के लिए शुभ है जो नए काम के लिए पूंजी में निवेश करना चाहते हैं।
मकर संक्रांति और उत्तरायण का महत्व
14 जनवरी 2026 को जब सूर्य मकर राशि में प्रवेश करेंगे, तब उत्तरायण का आरंभ होगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, उत्तरायण के समय देवताओं के दिन शुरू होते हैं। इस दिन किए गए शुभ कार्यों का फल अक्षय होता है। इस तिथि के आसपास संपत्ति की खरीद, सोना-चांदी में निवेश या म्यूचुअल फंड और शेयर बाजार में धन लगाने के लिए शुभ माना जाता है। इस समय सूर्य की ऊर्जा और सकारात्मक वातावरण व्यक्ति के आर्थिक निर्णयों को मजबूती प्रदान करते हैं, जिससे भविष्य में स्थायी और अच्छे लाभ की संभावना बढ़ जाती है।
पुष्य नक्षत्र का महत्व
जनवरी में आने वाला पुष्य नक्षत्र धन के लेन-देन के लिए सबसे शुभ माना जाता है। इसे 'नक्षत्रों का राजा' कहा जाता है। इस दिन यदि आप किसी को पैसे देते हैं या निवेश करते हैं, तो आपको धन लाभ होने की संभावना होती है।
शुभ तिथियों का चयन और सावधानियाँ
ज्योतिष के अनुसार, पैसे के लेन-देन के लिए महीने के शुक्ल पक्ष की तिथियाँ सबसे उत्तम होती हैं। विशेष रूप से गुरुवार और शुक्रवार को पड़ने वाली शुभ तिथियाँ लक्ष्मी और कुबेर की कृपा दिलाती हैं। इसके अलावा, राहुकाल के दौरान किसी भी बड़े आर्थिक लेन-देन से बचने की सलाह दी जाती है।