2026 में पूर्ण चंद्र ग्रहण: घर की शुद्धि के उपाय
भारत में पूर्ण चंद्र ग्रहण का आगाज़
3 मार्च 2026 को भारत में साल का पहला पूर्ण चंद्र ग्रहण हुआ, जिसे ब्लड मून के नाम से भी जाना जाता है। यह ग्रहण दोपहर 3:20 बजे शुरू होकर शाम 6:46-6:47 बजे के आसपास समाप्त हुआ। भारत में, यह मुख्य रूप से चंद्रोदय के समय, यानी शाम लगभग 6:26 बजे से, अंतिम चरण में 15-25 मिनट तक देखा गया। ज्योतिष और धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ग्रहण के दौरान वातावरण में नकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है, जिसे सूतक काल कहा जाता है।
ग्रहण के बाद घर की शुद्धि के उपाय
ग्रहण समाप्त होते ही घर की शुद्धि करना अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है, ताकि सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह हो सके और परिवार में शांति और समृद्धि बनी रहे। शुद्धि की प्रक्रिया शुरू करने का सबसे उपयुक्त समय शाम 6:50 से 7:15 बजे के बीच है। सबसे पहले, सभी परिवार के सदस्य स्नान करें। यदि संभव हो, तो स्नान के पानी में थोड़ा गंगाजल मिलाएं। स्नान के बाद साफ कपड़े पहनना आवश्यक है, यह शरीर और मन की सफाई का पहला कदम है।
गंगाजल का छिड़काव करें
घर की शुद्धि के लिए गंगाजल का छिड़काव एक मुख्य उपाय है। एक लोटे में गंगाजल लेकर, कुशा या दूर्वा घास से घर के हर कोने, मुख्य द्वार, कमरों, रसोई और विशेष रूप से पूजा स्थल पर छिड़कें। इससे नकारात्मक प्रभाव दूर होते हैं और घर में दिव्य ऊर्जा का संचार होता है। इसके बाद, घी का दीपक जलाएं। मुख्य द्वार, तुलसी के पास और पूजा घर में घी का दीपक लगाएं। अगरबत्ती या लोबान का धुआं पूरे घर में फैलाएं और दीपक को कम से कम एक घंटे तक जलने दें। कुछ लोग होलिका दहन की राख में घी मिलाकर दीपक जलाते हैं, जो लक्ष्मी जी की कृपा को बढ़ाने वाला माना जाता है।
दान-पुण्य का महत्व
पूजा स्थल या मंदिर की विशेष सफाई भी आवश्यक है। ग्रहण के दौरान मंदिर के पाट बंद रहते हैं। समाप्ति के बाद मूर्तियों पर गंगाजल चढ़ाएं, नए वस्त्र अर्पित करें और फूल-धूप-दीप से पूजा करें। यदि होलिका की राख उपलब्ध हो, तो मूर्तियों पर तिलक लगाएं। इससे पूजा स्थल की ऊर्जा फिर से जागृत होती है। शुद्धि के बाद दान-पुण्य करना भी आवश्यक है। गरीबों को चावल, दूध, चीनी, घी, कपड़े या धन का दान करें।
यह ग्रहण के दोष से मुक्ति दिलाने और पुण्य प्राप्ति का माध्यम बनता है। ये सरल लेकिन शास्त्रीय उपाय घर में सुख-शांति लाते हैं, नजर-दोष और नकारात्मकता को दूर करते हैं। ग्रहण के बाद घर को साफ-सुथरा रखें, झाड़ू-पोछा करें (पानी में नमक डालकर) और परिवार के साथ प्रार्थना करें। ऐसे छोटे-छोटे प्रयास से जीवन में सकारात्मक बदलाव आता है।