मारुति सुज़ुकी की गाड़ियों की कीमतों में बढ़ोतरी, अगस्त से लागू
महंगाई का असर कार खरीदारों पर
देश में महंगाई के बढ़ते प्रभाव के कारण कार खरीदारों को अब अधिक खर्च करना पड़ेगा। भारत की प्रमुख कार निर्माता कंपनी, मारुति सुज़ुकी इंडिया लिमिटेड ने अपनी गाड़ियों की कीमतों में 30,000 रुपये तक की वृद्धि की घोषणा की है। कंपनी ने इस कदम के पीछे महंगाई और लागत में वृद्धि को जिम्मेदार ठहराया है। यदि आप नई कार खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो जल्द ही शोरूम का दौरा करें।
नई कीमतें कब से लागू होंगी?
कंपनी ने अपनी रेगुलेटरी फाइलिंग में बताया कि नई कीमतें अगस्त 2026 से प्रभावी होंगी और विभिन्न मॉडल और वैरिएंट के अनुसार कीमतों में भिन्नता होगी।
क्यों लिया गया यह निर्णय?
मारुति सुज़ुकी ने कहा, "कंपनी पिछले कुछ महीनों से लागत को कम करने के उपायों पर काम कर रही है। हालांकि, महंगाई और लागत में वृद्धि के कारण हमें कुछ लागत का बोझ ग्राहकों पर डालना पड़ रहा है, जबकि हम यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि इसका प्रभाव न्यूनतम हो।"
पिछले बदलाव का संदर्भ
यह हालिया बदलाव दो महीने पहले की गई 30,000 रुपये की बढ़ोतरी के बाद आया है, जो जून 2026 से लागू हुई थी। कंपनी ने इनपुट लागत और महंगाई को कीमतों में बदलाव के मुख्य कारणों के रूप में बताया है।
बिक्री में वृद्धि
मारुति सुज़ुकी ने बताया कि उनकी कुल गाड़ियों की बिक्री में साल-दर-साल 19.2% की वृद्धि हुई है, जो 200,390 यूनिट तक पहुंच गई है। पिछले साल इसी महीने में यह संख्या 167,993 यूनिट थी। घरेलू पैसेंजर गाड़ियों की बिक्री भी बढ़कर 147,187 यूनिट हो गई है।
कॉम्पैक्ट और मिड-साइज कारों की बिक्री
कॉम्पैक्ट और मिड-साइज कारों के पोर्टफोलियो में बलेनो, स्विफ्ट, डिजायर, वैगनआर, सेलेरियो, इग्निस और सियाज जैसे मॉडल शामिल हैं, जिनकी कुल बिक्री 63,815 यूनिट रही।
यूटिलिटी गाड़ियों की बिक्री में उछाल
यूटिलिटी गाड़ियां कंपनी के लिए सबसे तेजी से बढ़ने वाला सेगमेंट बनी हुई हैं। ब्रेजा, अर्टिगा, फ्रॉन्क्स, ग्रैंड विटारा, इनविक्टो, जिम्नी, XL6 और हाल ही में लॉन्च हुई ई-विटारा जैसे मॉडलों की कुल बिक्री 61,726 यूनिट रही, जो पिछले साल इसी अवधि में 47,947 यूनिट थी।