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इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड का लाभ 93.5% घटा, गैस लागत में वृद्धि का असर

इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (आईजीएल) ने हाल ही में अपनी वित्तीय स्थिति का खुलासा किया, जिसमें बताया गया कि चालू वित्त वर्ष की सितंबर तिमाही में उसका शुद्ध लाभ 93.5 प्रतिशत घटकर 24.38 करोड़ रुपये रह गया। गैस लागत में वृद्धि के कारण यह गिरावट आई है, जबकि कंपनी की औसत दैनिक गैस बिक्री में वृद्धि हुई है। इसके अलावा, आईजीएल ने रेलवे के साथ एक नई साझेदारी की घोषणा की है, जिसके तहत प्राकृतिक गैस की आपूर्ति की जाएगी। इस समझौते से पारंपरिक ईंधनों के स्थान पर प्राकृतिक गैस के उपयोग को बढ़ावा मिलेगा।
 

आईजीएल का वित्तीय प्रदर्शन

इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (आईजीएल), जो देश की प्रमुख शहरी गैस वितरक है, ने हाल ही में जानकारी दी कि चालू वित्त वर्ष की सितंबर तिमाही में उसका एकल शुद्ध लाभ 93.5 प्रतिशत की कमी के साथ 24.38 करोड़ रुपये पर आ गया। पिछले वर्ष इसी अवधि में यह लाभ 372.51 करोड़ रुपये था। कंपनी ने बताया कि गैस की लागत में भारी वृद्धि ने उसके मार्जिन को प्रभावित किया, जिससे उच्च बिक्री मात्रा और राजस्व का सकारात्मक प्रभाव कम हो गया।


गैस बिक्री में वृद्धि

आईजीएल ने यह भी बताया कि उसकी औसत दैनिक गैस बिक्री पहली बार एक करोड़ मानक घन मीटर प्रति दिन के आंकड़े को पार कर गई, जो पिछले वर्ष की इसी अवधि में 93.1 लाख मानक घन मीटर प्रति दिन थी। समीक्षाधीन अवधि में सकल बिक्री कारोबार 4,431.63 करोड़ रुपये से बढ़कर 5,999.13 करोड़ रुपये हो गया। इस दौरान सीएनजी की मात्रा में सालाना आधार पर नौ प्रतिशत की वृद्धि हुई, जबकि पाइप से आने वाली प्राकृतिक गैस (पीएनजी) की बिक्री में आठ प्रतिशत की वृद्धि देखी गई।


नई साझेदारी और समझौते

आईजीएल ने एक बयान में कहा कि उसने दिल्ली-एनसीआर में 22 रेलवे प्रतिष्ठानों को पीएनजी की आपूर्ति करने के लिए उत्तर रेलवे के दिल्ली मंडल के साथ एक समझौता किया है। यह समझौता सरकार के पीएनजी ड्राइव 3.0 के तहत पारंपरिक ईंधनों के स्थान पर प्राकृतिक गैस के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए किया गया है। प्रारंभ में, यह समझौता प्रति दिन लगभग 3,000 मानक घन मीटर गैस की आपूर्ति करेगा, जो लगभग 500 किलोग्राम तरल पेट्रोलियम गैस (एलपीजी) और 2,500 लीटर डीजल की जगह लेगा। आईजीएल के चेयरमैन शुभंकर सेन ने कहा कि यह साझेदारी राष्ट्र निर्माण के लिए प्रतिबद्ध दो बड़े संगठनों को एक साथ लाती है।


भारतीय रेलवे के साथ सहयोग

भारतीय रेलवे ने एलपीजी के स्थान पर पीएनजी का उपयोग करने के लिए आईजीएल को अपने सहयोगी भागीदार के रूप में चुना है। यह समझौता ज्ञापन (एमओयू) बड़ी मात्रा में एलपीजी की जगह प्राकृतिक गैस के उपयोग को सुगम बनाएगा।