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पेट्रोल और डीजल की कीमतों में स्थिरता: जानें आपके शहर में क्या है रेट

आज पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं आया है, जो वाहन चालकों के लिए राहत की बात है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें 90 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर बनी हुई हैं, फिर भी घरेलू तेल कंपनियों ने कीमतें स्थिर रखी हैं। जानें विभिन्न शहरों में पेट्रोल और डीजल के दाम क्या हैं और पिछले कुछ महीनों में हुई वृद्धि के बारे में।
 

पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं


नई दिल्ली: शनिवार को वाहन चालकों के लिए राहत की खबर आई है क्योंकि देश के प्रमुख शहरों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई परिवर्तन नहीं हुआ है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 90 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बनी हुई है, फिर भी घरेलू तेल कंपनियों ने ईंधन की कीमतों में वृद्धि नहीं की है। तेल कंपनियां हर दिन सुबह 6 बजे नई कीमतें जारी करती हैं।


शहरों में पेट्रोल की कीमतें

दिल्ली में आज पेट्रोल की कीमत 102.12 रुपये प्रति लीटर है। वहीं, मुंबई में यह 111.21 रुपये, कोलकाता में 113.51 रुपये और चेन्नई में 107.76 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। अन्य शहरों में, गुरुग्राम में पेट्रोल 102.97 रुपये, नोएडा में 101.77 रुपये, बेंगलुरु में 110.97 रुपये, भुवनेश्वर में 108.97 रुपये और चंडीगढ़ में 102.20 रुपये प्रति लीटर है। हैदराबाद में पेट्रोल की कीमत 115.73 रुपये और लखनऊ में 113.81 रुपये प्रति लीटर है। तिरुवनंतपुरम में यह 155.49 रुपये प्रति लीटर है।


डीजल की कीमतों में स्थिरता

आज डीजल की कीमतों में भी कोई बदलाव नहीं आया है। दिल्ली में एक लीटर डीजल के लिए 95.20 रुपये चुकाने होंगे। मुंबई में यह 97.83 रुपये, कोलकाता में 99.82 रुपये और चेन्नई में 99.55 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। गुरुग्राम में डीजल का रेट 95.64 रुपये, नोएडा में 95.60 रुपये और भुवनेश्वर में 100.68 रुपये है। चंडीगढ़ में यह 89.47 रुपये, हैदराबाद में 103.86 रुपये, जयपुर में 98.50 रुपये और पटना में 99.80 रुपये प्रति लीटर है। तिरुवनंतपुरम में डीजल की कीमत 104.41 रुपये है।


यह ध्यान देने योग्य है कि 2022 के बाद इस साल मई में पहली बार पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाई गई थीं। इसके बाद तेल कंपनियों ने चार बार कीमतों में वृद्धि की थी। इस साल कुल मिलाकर पेट्रोल और डीजल की कीमतें लगभग 7.5 रुपये प्रति लीटर तक बढ़ चुकी हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों पर नजर बनी हुई है। यदि क्रूड की कीमतें ऊंची रहती हैं, तो घरेलू ईंधन की कीमतों पर दबाव बढ़ सकता है। हालांकि, फिलहाल तेल कंपनियों ने ग्राहकों को कोई नई बढ़ोतरी नहीं दी है।