प्रधानमंत्री मोदी का किसानों के लिए रसायन-मुक्त खेती का आह्वान
किसानों के लिए वैश्विक बाजारों का अवसर
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को किसानों से रसायन-मुक्त खेती को अपनाने की अपील की। उन्होंने बताया कि वैश्विक स्तर पर ऐसे कृषि उत्पादों की मांग में वृद्धि हो रही है, जिससे किसानों को अंतरराष्ट्रीय बाजारों में पहुंचने के नए अवसर मिलेंगे। स्वतंत्रता दिवस पर अपने संबोधन में, उन्होंने 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने के लिए 'सप्त धारा' नामक सात सूत्रीय सुधार योजना प्रस्तुत की।
इस योजना में विनिर्माण, कृषि एवं खाद्य उत्पादन, प्रौद्योगिकी, लॉजिस्टिक्स, रक्षा, हरित एवं नीली अर्थव्यवस्था, और सॉफ्ट पावर पर ध्यान केंद्रित किया गया है। मोदी ने कहा, "हमें खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में भी प्रगति करनी होगी।"
उन्होंने आगे कहा कि अब हमारे किसानों के लिए वैश्विक बाजार उपलब्ध हैं। मुक्त व्यापार समझौतों के माध्यम से हमें बड़े बाजारों तक पहुंच प्राप्त हो रही है, और हमें इसका लाभ उठाना चाहिए।
प्रधानमंत्री ने जोर देकर कहा कि हमें खेतों से निर्यात बाजारों तक पहुंच बनानी होगी। उन्होंने भारत की पारंपरिक व्यंजनों, मोटे अनाज, मसालों, फलों और फूलों की समृद्धि का उल्लेख करते हुए कहा कि इन उत्पादों को वैश्विक स्तर पर प्रस्तुत किया जाना चाहिए।
मोदी ने कहा, "हमारे किसानों को रसायन-मुक्त खेती को बढ़ावा देना चाहिए, क्योंकि ऐसे उत्पादों की मांग विश्वभर में बढ़ रही है।" उन्होंने यह भी कहा कि यदि हमारे कृषि उत्पाद वैश्विक मानकों पर खरे उतरते हैं, तो हम आसानी से अंतरराष्ट्रीय बाजारों में प्रवेश कर सकेंगे।