सेबी ने अनधिकृत मंचों से निवेशकों को किया आगाह
सेबी की चेतावनी: अनधिकृत मंचों से बचें
भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) ने बुधवार को निवेशकों को अनधिकृत इलेक्ट्रॉनिक प्लेटफार्मों या वेबसाइटों के माध्यम से गैर-सूचीबद्ध सार्वजनिक हिस्सेदारी वाली कंपनियों के शेयरों की खरीद-बिक्री से संबंधित चेतावनी दी।
सेबी ने स्पष्ट किया कि ये प्लेटफार्म न तो मान्यता प्राप्त हैं और न ही किसी नियामक के अधीन आते हैं।
नियामक ने बताया कि उसे कुछ ऑनलाइन प्लेटफार्मों की जानकारी मिली है जो गैर-सूचीबद्ध सार्वजनिक हिस्सेदारी वाली कंपनियों की प्रतिभूतियों में लेनदेन की सुविधा प्रदान कर रहे हैं, जिससे निवेशकों के लिए बड़ा जोखिम उत्पन्न हो सकता है।
निवेशकों के लिए सुरक्षा की आवश्यकता
सेबी ने अपने बयान में दिसंबर 2024 और अगस्त 2016 में जारी की गई पूर्व चेतावनियों को दोहराते हुए कहा कि ऐसे प्लेटफार्मों पर लेनदेन करना या संवेदनशील व्यक्तिगत जानकारी साझा करना सुरक्षित नहीं है।
नियामक ने पहले भी ऑनलाइन ट्रेडिंग प्लेटफार्मों, फैंटेसी गेम्स और गैर-सूचीबद्ध ऋण प्रतिभूतियों से संबंधित प्लेटफार्मों के बारे में चेतावनी दी है।
सेबी की सलाह
सेबी ने कहा, "निवेशकों को फिर से चेतावनी दी जाती है कि वे किसी भी इलेक्ट्रॉनिक प्लेटफार्म पर लेनदेन या ट्रेडिंग न करें और अपनी निजी जानकारी साझा न करें, क्योंकि ये प्लेटफार्म सेबी द्वारा अधिकृत या मान्यता प्राप्त नहीं हैं।"
बाजार नियामक ने स्पष्ट किया कि केवल मान्यता प्राप्त शेयर बाजार ही प्रतिभूतियों में कोष जुटाने और ट्रेडिंग के लिए अधिकृत हैं।
इनकी सूची सेबी की वेबसाइट पर उपलब्ध है।
सेबी ने यह भी बताया कि अनधिकृत प्लेटफार्मों पर निवेश करने वाले निवेशकों को औपचारिक बाजार की सुरक्षा सुविधाएं नहीं मिलतीं, जिसमें सेबी और शेयर बाजारों के तहत निवेशक सुरक्षा, शिकायत निवारण तंत्र और ऑनलाइन विवाद समाधान प्रणाली शामिल हैं।
सेबी ने निवेशकों से आग्रह किया कि वे किसी भी निवेश से पहले प्लेटफार्म की वैधता की जांच अवश्य करें।