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सोने और चांदी की कीमतों में उछाल: जानें क्या है कारण?

भारतीय सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में हालिया वृद्धि का कारण वैश्विक उथल-पुथल और अंतरराष्ट्रीय समीकरण हैं। सुरक्षित निवेश के रूप में कीमती धातुओं की मांग बढ़ रही है, जिससे कीमतें ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं। जानें विभिन्न शहरों में सोने और चांदी के ताजा रेट्स और इसके पीछे के कारण।
 

भारतीय सर्राफा बाजार में उथल-पुथल


नई दिल्ली: वैश्विक बाजार में चल रही उथल-पुथल और अंतरराष्ट्रीय संबंधों का सीधा प्रभाव भारतीय सर्राफा बाजार पर देखने को मिल रहा है। सुरक्षित निवेश के विकल्प के रूप में कीमती धातुओं की मांग में लगातार वृद्धि हो रही है, जिससे सोने और चांदी की कीमतें घरेलू बाजार में उच्च स्तर पर बनी हुई हैं। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर हाल के कारोबारी सत्रों में मामूली मुनाफावसूली के बाद, आज यानी 4 जुलाई को देश के विभिन्न हिस्सों में सोने और चांदी के भाव काफी ऊंचे बने हुए हैं।


सोने की वर्तमान कीमतें

भारतीय बाजारों में सोने की कीमतें शुद्धता (कैरेट) के अनुसार निर्धारित की गई हैं। आज के भाव प्रमुख राज्यों और शहरों में कुछ इस प्रकार हैं: चेन्नई में 24 कैरेट सोने का दाम 14,957, 22 कैरेट का 13,701 और 18 कैरेट का 11,441 प्रति ग्राम है। दिल्ली में 24 कैरेट का रेट 14,716, 22 कैरेट का 13,491 और 18 कैरेट का 11,041 है। मुंबई और दक्षिण भारत (बेंगलुरु, हैदराबाद, केरल) में 24 कैरेट सोना 14,701, 22 कैरेट 13,476 और 18 कैरेट 11,026 प्रति ग्राम पर बिक रहा है। कोलकाता में भी यही रेट लागू हैं।


चांदी की कीमतों में वृद्धि

इंडस्ट्रियल डिमांड और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर से आ रही खरीदारी के कारण चांदी की कीमतों में भी तेजी आई है। आज भारतीय बाजार में चांदी की कीमत 250.10 प्रति ग्राम यानी 2,50,100 प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुंच गई है। पारंपरिक गहनों और सिक्कों के शौकीनों के बीच चांदी की मांग कीमतों को लगातार समर्थन दे रही है।


कीमतों में बदलाव के कारण

भारत में सोने और चांदी की कीमतें मुख्य रूप से तीन कारकों पर निर्भर करती हैं: वैश्विक बाजार में डॉलर की स्थिति, अंतरराष्ट्रीय तनाव और देश में त्योहारों का मौसम। शादी और त्योहारों के दौरान भारत में जेवरों की खपत अचानक बढ़ जाती है, जिससे स्थानीय डीलर वैश्विक कीमतों के अनुसार नए रेट तय करते हैं। ग्राहकों को सलाह दी जाती है कि वे खरीदारी से पहले स्थानीय बाजार में मेकिंग चार्जेस और टैक्स की जांच अवश्य कर लें।