सोने और चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव: वित्त वर्ष की शुरुआत
कीमती धातुओं का मिला-जुला प्रदर्शन
वित्त वर्ष 2026-27 की शुरुआत में कीमती धातुओं की स्थिति
वित्त वर्ष 2026-27 का पहला दिन सोने और चांदी के लिए मिश्रित रहा। इनकी कीमतों में दिनभर उतार-चढ़ाव देखने को मिला। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमत में लगातार तीसरे दिन वृद्धि हुई, जबकि भारतीय बाजार में सोने की कीमत में 750 रुपए की बढ़ोतरी हुई, जिससे यह 1.51 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। दूसरी ओर, चांदी की कीमत में 1380 रुपए की गिरावट आई, जिससे यह 2.40 लाख रुपए प्रति किलो पर आ गई।
कीमतों को प्रभावित करने वाले कारक
अमेरिका ने संकेत दिए हैं कि उसने अपने सैन्य लक्ष्यों को काफी हद तक पूरा कर लिया है और अब होर्मुज जलडमरूमध्य से जुड़े तनाव को सुलझाने की जिम्मेदारी अन्य देशों को सौंपने का समय आ गया है। ईरान के राष्ट्रपति ने भी संघर्ष समाप्त करने की इच्छा जताई है। हालांकि, मार्च में सोने की कीमतों में लगभग 12% की गिरावट आई, जो अक्टूबर 2008 के बाद की सबसे बड़ी मासिक गिरावट है।
शेयर बाजार में निवेशकों की खुशी
भारतीय शेयर बाजार में नए वित्त वर्ष के पहले दिन निवेशकों को राहत मिली। अमेरिकी राष्ट्रपति के बयान के बाद कि अमेरिका दो से तीन सप्ताह में ईरान युद्ध समाप्त कर देगा, वैश्विक शेयर बाजारों में तेजी आई। इस सकारात्मक माहौल का असर भारतीय शेयर बाजार पर भी पड़ा। सेंसेक्स और निफ्टी में अच्छी बढ़त देखने को मिली।
वित्त वर्ष की शुरुआत का संक्षिप्त विवरण
नए वित्तीय वर्ष की शुरुआत में, बीएसई सेंसेक्स 1,186.77 अंक या 1.65 प्रतिशत बढ़कर 73,134.32 पर बंद हुआ। दिन के दौरान, इसमें 2,017.03 अंक या 2.80 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जो इसे 73,964.58 पर ले गई। एनएसई निफ्टी भी 348 अंक या 1.56 प्रतिशत बढ़कर 22,679.40 पर बंद हुआ। सेंसेक्स की 30 कंपनियों में से कई कंपनियों ने लाभ कमाया, जबकि कुछ कंपनियों में गिरावट आई।