पश्चिम बंगाल में चुनावी माहौल: टीएमसी ने बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाए
पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण की वोटिंग से पहले विवाद
पश्चिम बंगाल में 29 अप्रैल को होने वाले दूसरे चरण के मतदान से पहले तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) पर गंभीर आरोप लगाए हैं। टीएमसी का कहना है कि बीजेपी मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की जान लेने की योजना बना रही है। इसके साथ ही, पार्टी ने यह भी आरोप लगाया कि बीजेपी राज्य में 'गोली मारो और ठोक दो' की संस्कृति को लागू करने की कोशिश कर रही है।
वायरल वीडियो से शुरू हुआ विवाद
यह विवाद एक वायरल वीडियो के बाद शुरू हुआ, जिसमें चुनाव आयोग ने उत्तर प्रदेश के आईपीएस अजय पाल शर्मा को दक्षिण 24 परगना जिले में पुलिस पर्यवेक्षक के रूप में भेजा। वीडियो में अजय पाल टीएमसी के उम्मीदवार जहांगीर खान को धमकी देते हुए नजर आ रहे हैं।
ममता बनर्जी को जान से मारने की धमकी
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट साझा करते हुए टीएमसी ने कहा, 'रेप की धमकियों और अपमानजनक कार्टूनों के बाद, बीजेपी अब ममता बनर्जी को खुलेआम जान से मारने की धमकी दे रही है।'
केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर निशाना
टीएमसी ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर निशाना साधते हुए कहा, 'इस बीच, भारत का चुनाव आयोग चुपचाप बैठा है। यह बंगाल में बीजेपी के परिवर्तन का संकेत है। वे उत्तर प्रदेश और बिहार की हिंसक संस्कृति को बंगाल में लाना चाहते हैं।'
बीजेपी प्रवक्ता का विवादास्पद पोस्ट
टीएमसी ने बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता अजय आलोक के एक पोस्ट का स्क्रीनशॉट साझा करते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने लिखा, 'डराएगा तो ठोकाएगा दीदी', जिसका अर्थ है कि अगर आप हमें डराने की कोशिश करेंगी, तो आपको गोली मार दी जाएगी।
महिलाओं पर संभावित खतरे का जिक्र
टीएमसी ने कहा कि इस तरह की बयानबाजी एक बड़े डराने-धमकाने की संस्कृति को दर्शाती है, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मंजूरी मिली हुई है। पार्टी ने चेतावनी दी कि अगर बीजेपी इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करती है, तो यह आम महिलाओं और बेटियों के लिए खतरा बन सकता है।
बंगाल की जनता का संदेश
टीएमसी ने कहा, 'बंगाल भूलता नहीं है। इस बेइज्जती का जवाब वोटों से दिया जाएगा। 4 मई को बंगाल अपनी बात कहेगा।'