आमिर खान ने लव जिहाद विवाद पर तोड़ी चुप्पी, क्या है सच?
आमिर खान और गौरी स्प्रैट की शादी पर विवाद
मुंबई: बॉलीवुड अभिनेता आमिर खान और गौरी स्प्रैट की शादी ने काफी चर्चा बटोरी है। धार्मिक संगठनों और सोशल मीडिया यूजर्स ने उनकी तीसरी शादी पर सवाल उठाए हैं। महाराष्ट्र के मंत्री नितेश राणे ने आमिर को लव जिहाद का ब्रांड एंबेसडर करार दिया है, जिसके चलते उनकी आलोचना भी हो रही है। अब आमिर ने इस विवाद पर अपनी चुप्पी तोड़ते हुए लव जिहाद के मुद्दे पर खुलकर अपनी बात रखी है।
आमिर का धर्म परिवर्तन पर बयान
हाल ही में रेडिफ के साथ बातचीत में आमिर खान ने स्पष्ट किया कि उनके किसी भी साथी ने इस्लाम धर्म नहीं अपनाया है। उन्होंने बताया कि गौरी असल में एक क्रिश्चियन हैं और धर्म का उनके निजी जीवन पर कोई असर नहीं पड़ा है। आमिर ने कहा, "रीना, किरण या गौरी में से किसी ने भी अपना धर्म नहीं बदला, क्योंकि हमारी शादियां सिविल मैरिज के आधार पर हुई हैं।"
आमिर ने आगे कहा कि गौरी एक ऐसी क्रिश्चियन हैं जो धर्म का पालन नहीं करतीं। उन्होंने यह भी बताया कि उनके रिश्ते हमेशा व्यक्तिगत पसंद और सम्मान पर आधारित रहे हैं, न कि धार्मिक मुद्दों पर।
परिवार का दृष्टिकोण
आमिर ने अपने परिवार के दृष्टिकोण के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा, "मेरे परिवार में हमेशा से ऐसे रिश्तों को स्वीकार किया गया है। मेरा परिवार बहुत मिलनसार है। मेरी दोनों बहनों और बेटी की शादी हिंदू धर्म में हुई है, और मेरे कजिन मंसूर ने भी एक क्रिश्चियन लड़की से शादी की है।"
शादी का विवरण
आमिर खान ने 5 जुलाई को गौरी स्प्रैट के साथ एक निजी समारोह में रजिस्टर मैरिज की। इस अवसर पर कई बॉलीवुड सितारे और आमिर के बच्चे भी शामिल हुए। आमिर की पहली शादी रीना दत्ता से हुई थी, जबकि उनकी दूसरी पत्नी का नाम किरण राव था। दोनों पूर्व पत्नियों के साथ आमिर का एक विशेष बंधन है। अब आमिर की प्रतिक्रिया के बाद यह देखना होगा कि लव जिहाद का मामला ठंडा होता है या नहीं।