आलिया भट्ट ने असम में बाढ़ पीड़ितों के लिए की मदद की अपील
आलिया भट्ट का संवेदनशील संदेश
अभिनेत्री आलिया भट्ट ने असम में आई गंभीर बाढ़ पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से प्रभावित लोगों के प्रति अपनी सहानुभूति जताई और अपने प्रशंसकों से सहायता की अपील की। आलिया ने कहा कि हर साल बाढ़ की समस्या सामने आती है, लेकिन यह हर बार हमें चौंका देती है।
फैंस से मदद की अपील
आलिया ने इंस्टाग्राम पर साझा किया कि देश के कई हिस्से बाढ़ से प्रभावित हैं, जिसमें असम सबसे अधिक संकट में है। बाढ़ के कारण 60 से अधिक लोगों की जान चली गई है और लाखों लोग बेघर हो गए हैं। कई परिवारों ने अपने घर, संपत्ति, मवेशी और प्रियजनों को खो दिया है।
उन्होंने लिखा, "इस समय बाढ़ ने हमारे देश के कई हिस्सों को प्रभावित किया है, और असम सबसे बुरी स्थिति में है।" आलिया ने आगे कहा, "60 से अधिक लोगों की मृत्यु हो चुकी है, और लाखों लोग बेघर हैं। कई परिवारों ने अपने घर, जमीन, मवेशी और प्रियजनों को खो दिया है। यह हर साल होता है, फिर भी यह हमें चौंका देता है।"
असम को तत्काल सहायता की आवश्यकता
आलिया ने कहा कि असम को तुरंत मदद की आवश्यकता है, और इसके बाद जीवन को सामान्य करने के लिए लंबे समय तक सहायता की जरूरत होगी। उन्होंने आश्वासन दिया कि वे जल्द ही उन संगठनों की जानकारी साझा करेंगी, जिनके माध्यम से लोग सीधे मदद कर सकेंगे।
उन्होंने #CircleOfHope हैशटैग का उपयोग करते हुए लिखा, "असम को तत्काल राहत की आवश्यकता है, और सामान्य स्थिति में लौटने के लिए भी मदद की आवश्यकता होगी। यदि आप सोच रहे हैं कि आप कैसे मदद कर सकते हैं, तो मैं आने वाले दिनों में राहत कार्यों में मदद करने के लिए कुछ तरीके बताऊंगी।"
असम में बाढ़ की स्थिति
असम में इस बार 35 में से 25 जिले बाढ़ से प्रभावित हैं। शनिवार तक 66 लोगों की जान जा चुकी थी। सिबसागर और चराइदेव जिलों के लगभग 400 गांवों के करीब 5 लाख लोग इस आपदा से सबसे अधिक प्रभावित हुए हैं। राज्य भर में लगभग 15,000 लोग राहत शिविरों में रहने को मजबूर हैं।
प्रधानमंत्री मोदी का हस्तक्षेप
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा से फोन पर बात करके स्थिति का जायजा लिया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार हर प्रभावित परिवार तक पहुंचने की पूरी कोशिश कर रही है। भारतीय सेना और वायु सेना भी राहत और बचाव कार्यों में राज्य सरकार की मदद कर रही हैं।