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झारखंड में जंगली हाथियों के हमले में युवक की मौत, ग्रामीणों में दहशत

झारखंड के हजारीबाग जिले में जंगली हाथियों के हमले में एक 30 वर्षीय युवक की मौत हो गई। यह घटना उस समय हुई जब युवक एक प्राथमिक विद्यालय में सो रहा था। हाथियों ने न केवल युवक को कुचला, बल्कि गांव के धार्मिक स्थल और फसलों को भी नुकसान पहुंचाया। प्रशासन ने घटना के बाद ग्रामीणों को सुरक्षा उपायों के बारे में चेतावनी दी है। जानें इस घटना के बारे में और क्या कदम उठाए गए हैं।
 

हजारीबाग में हाथियों का तांडव


हजारीबाग। झारखंड के हजारीबाग जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां जंगली हाथियों ने एक युवक की जान ले ली। सोमवार की रात, हाथियों ने गोरहर थाना क्षेत्र के बेलकपी गांव में एक प्राथमिक विद्यालय में सो रहे 30 वर्षीय मुकेश गोस्वामी को कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना ने पूरे क्षेत्र में भय का माहौल पैदा कर दिया है।


स्कूल में घुसकर किया हमला


मृतक मुकेश गोस्वामी बंडासिंघा का निवासी था। वह सोमवार रात को स्थानीय प्राथमिक विद्यालय में सो रहा था, तभी रात करीब 12 बजे हाथियों का एक बड़ा झुंड अचानक गांव में घुस आया और उसे कुचल दिया। हाथियों ने इतनी बर्बरता से हमला किया कि मुकेश की मौके पर ही मृत्यु हो गई।


धार्मिक स्थलों को भी नुकसान


स्थानीय निवासियों के अनुसार, हाथियों ने न केवल स्कूल को नुकसान पहुंचाया, बल्कि गांव के प्रतिष्ठित 'काली मंडा परिसर' की चारदीवारी को भी ध्वस्त कर दिया। इसके अलावा, कई किसानों की फसलों को भी नुकसान पहुंचाने की खबरें आई हैं। हाथियों की चिंघाड़ सुनकर ग्रामीण बाहर निकले, लेकिन तब तक मुकेश की जान जा चुकी थी। ग्रामीणों ने शोर मचाकर और मशालें जलाकर हाथियों को भगाने की कोशिश की।


प्रशासन की कार्रवाई


इस घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस और वन विभाग की टीम मंगलवार सुबह मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। ग्रामीणों ने पीड़ित परिवार के लिए उचित मुआवजे की मांग की है और क्षेत्र से हाथियों को हटाने के लिए स्थायी क्विक रिस्पांस टीम की आवश्यकता जताई है। वन विभाग के अधिकारियों ने पीड़ित परिवार को सरकारी नियमों के अनुसार मुआवजा देने का आश्वासन दिया है।


वन विभाग की चेतावनी


इस घटना के बाद, वन क्षेत्र पदाधिकारी ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि वे रात में अकेले या असुरक्षित स्थानों पर न सोएं और हाथियों को देखकर खुद उन्हें भगाने की कोशिश न करें। किसी भी आपात स्थिति में तुरंत वन विभाग को सूचित करें। क्षेत्र में हाई अलर्ट जारी किया गया है।