धनुष का जन्मदिन: साउथ से हॉलीवुड तक का सफर
धनुष का जन्मदिन विशेष:
आज भारतीय सिनेमा के सबसे प्रभावशाली और बहुपरकारी सितारों में से एक धनुष अपना जन्मदिन मना रहे हैं। उन्होंने बिना किसी बड़े लुक या मसल्स के, केवल अपनी अद्भुत अभिनय क्षमता से साउथ से लेकर बॉलीवुड और हॉलीवुड तक अपनी पहचान बनाई है। उनकी कहानी किसी प्रेरणादायक किताब से कम नहीं है।
शेफ बनने का सपना
धनुष का असली नाम वेंकटेश प्रभु कस्तूरी राजा है, और उनका जन्म तमिलनाडु के प्रसिद्ध निर्देशक कस्तूरी राजा के घर हुआ। बचपन में उनका सपना शेफ बनने का था, और उन्हें रसोई में नए व्यंजन बनाने का बहुत शौक था। लेकिन उनके पिता और बड़े भाई सेल्वाराघवन की इच्छा के कारण उन्हें अभिनेता बनना पड़ा। उन्होंने 2002 में फिल्म 'तुल्लुवधो इलमई' से अपने करियर की शुरुआत की और पहली ही फिल्म में दर्शकों का दिल जीत लिया।
बॉलीवुड से हॉलीवुड तक की यात्रा
धनुष ने धीरे-धीरे अपनी मेहनत और विभिन्न किरदारों के माध्यम से अपनी जगह बनाई। लेकिन असली पहचान 2011 में आई फिल्म '3' के गाने 'व्हाई दिस कोलावेरी डी' से मिली, जिसे उन्होंने खुद लिखा और गाया। यह गाना तेजी से वायरल हुआ और भारत के साथ-साथ विदेशों में भी युवाओं के बीच लोकप्रिय हो गया। इस गाने ने धनुष को एक वैश्विक सितारे के रूप में स्थापित किया।
इसके बाद, फिल्म 'वेलाईइल्ला पट्टाधारी' में बेरोजगार इंजीनियर का किरदार निभाकर उन्होंने उन युवाओं के दर्द को दर्शाया जो नौकरी की तलाश में हैं। इस फिल्म ने शानदार कमाई की और धनुष को युवाओं का सुपरहीरो बना दिया।
धनुष: एक बहुपरकारी कलाकार
धनुष केवल एक अच्छे अभिनेता नहीं हैं, बल्कि एक बहुपरकारी कलाकार भी हैं। वे गाने लिखते हैं, गाते हैं और प्रोड्यूस भी करते हैं। 'कर्णन', 'असुरन', और 'रातचसी' जैसी फिल्मों में गंभीर भूमिकाएं निभाने के साथ-साथ 'रानी रासमणि' और 'पट्टास' में व्यावसायिक मसाला भी दिया। बॉलीवुड में 'शादी में जरूर आना' और 'कार्तिकेय 2' जैसी फिल्मों से उन्होंने हिंदी दर्शकों को भी अपना दीवाना बनाया। हॉलीवुड में 'द एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी मैन' जैसी फिल्मों से उन्होंने अपनी पहुंच और बढ़ाई।
व्यक्तिगत जीवन
धनुष ने 2004 में रजनीकांत की बेटी ऐश्वर्या से शादी की, और उनके दो बेटे यात्रा राजा और लिंगा हैं। हालांकि कुछ साल पहले दोनों अलग हो गए, लेकिन धनुष अपनी फिल्मों और प्रशंसकों पर ध्यान केंद्रित किए हुए हैं।