×

बॉक्स ऑफिस पर संघर्ष: अस्सी और दो दीवाने सहर की कमाई में गिरावट

बॉक्स ऑफिस पर हाल ही में रिलीज हुई फिल्में 'अस्सी' और 'दो दीवाने सहर' संघर्ष कर रही हैं। दोनों फिल्मों का प्रदर्शन वीकेंड पर औसत रहा और सोमवार को कमाई में गिरावट आई। 'अस्सी' ने मंगलवार को थोड़ी बढ़त दिखाई, जबकि 'दो दीवाने सहर' की कमाई में कमी आई। जानें इन फिल्मों की स्थिति, दर्शकों की प्रतिक्रियाएं और समीक्षकों की राय।
 

बॉक्स ऑफिस पर अस्सी और दो दीवाने सहर का प्रदर्शन


मुंबई: हाल ही में रिलीज हुई बॉलीवुड की फिल्में 'अस्सी' और 'दो दीवाने सहर' बॉक्स ऑफिस पर संघर्ष कर रही हैं। वीकेंड के दौरान इन दोनों फिल्मों का प्रदर्शन औसत रहा, और सोमवार को इनकी कमाई में गिरावट आई। उम्मीद थी कि मंगलवार को टिकट की कीमतों में बदलाव और ट्रेंड के कारण इनकी कमाई में सुधार होगा। सैकनिल्क की रिपोर्ट के अनुसार, तापसी पन्नू की फिल्म 'अस्सी' ने पांचवे दिन थोड़ी बढ़त दिखाई, जिसमें मंगलवार को लगभग 85 लाख रुपये की कमाई की। इस प्रकार, पांच दिनों में इसका कुल कलेक्शन लगभग 5.75 करोड़ रुपये हो गया है।


'अस्सी' का निर्देशन अनुभव सिन्हा ने किया है, जिसमें तापसी पन्नू मुख्य भूमिका में हैं। इस फिल्म को समीक्षकों से सकारात्मक रिव्यू मिले हैं और इसे सामाजिक मुद्दों पर आधारित एक महत्वपूर्ण फिल्म माना जा रहा है। हालांकि, इसकी निर्माण लागत लगभग 30 से 40 करोड़ रुपये है, इसलिए मौजूदा कलेक्शन को देखते हुए इसे आगे बढ़ने के लिए अच्छी कमाई की आवश्यकता है। यदि दूसरे वीकेंड में कमाई स्थिर नहीं रहती, तो इसे फ्लॉप का टैग मिल सकता है।


दो दीवाने सहर का बॉक्स ऑफिस कलेक्शन

जहां 'अस्सी' ने थोड़ी बढ़त दिखाई, वहीं 'दो दीवाने सहर' की कमाई में पांचवे दिन गिरावट आई। इस फिल्म ने मंगलवार को लगभग 50 लाख रुपये का कारोबार किया, जिससे इसका कुल कलेक्शन करीब 5.30 करोड़ रुपये हो गया है।


इस फिल्म में मृणाल ठाकुर और सिद्धांत चतुर्वेदी मुख्य भूमिकाओं में हैं। समीक्षकों ने इसे मिले-जुले रिव्यू दिए हैं। कुछ समीक्षकों का मानना है कि कहानी में सादगी है, लेकिन यह दर्शकों को लंबे समय तक बांध नहीं पाती। मौजूदा ट्रेंड को देखते हुए, इस तरह की फिल्मों को बॉक्स ऑफिस पर टिके रहने के लिए मजबूत वर्ड ऑफ माउथ की आवश्यकता होती है।


फिल्मों पर दर्शकों की प्रतिक्रिया

'अस्सी' को हाल के समय की सबसे सराही गई फिल्मों में से एक माना जा रहा है। यह फिल्म मनोरंजन से अधिक गंभीर मुद्दों को उजागर करती है और महिलाओं की सुरक्षा जैसे विषयों पर सोचने के लिए मजबूर करती है। दर्शकों के एक वर्ग ने इसकी सराहना की है, लेकिन इसे बड़े पैमाने पर दर्शकों को सिनेमाघरों तक खींचने में अभी तक सफलता नहीं मिली है। वहीं, 'दो दीवाने सहर' को लेकर दर्शकों की राय विभाजित है; कुछ को इसकी सादगी पसंद आई, जबकि कुछ ने इसे जरूरत से ज्यादा खींचा हुआ बताया।