सूर्य ग्रहण 2026: धार्मिक उपाय और समय
सूर्य ग्रहण 2026 के उपाय
सूर्य ग्रहण 2026: साल 2026 का दूसरा सूर्य ग्रहण 12 अगस्त, बुधवार को होगा। यह खग्रास सूर्य ग्रहण होगा, जिसकी शुरुआत भारतीय समयानुसार रात 9:04 बजे होगी। ग्रहण का मध्य रात 11:16 बजे आएगा और समाप्ति 13 अगस्त को रात 1:28 बजे होगी।
यह खगोलीय घटना कई स्थानों पर देखी जा सकेगी। पूर्ण सूर्य ग्रहण के दौरान चंद्रमा सूर्य को पूरी तरह ढक लेता है, जिससे कुछ समय के लिए अंधेरा छा जाता है। ज्योतिष और धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ग्रहण को विशेष घटना माना जाता है। इस दौरान कुछ धार्मिक उपाय करने की परंपरा है। आइए जानते हैं ग्रहण के नकारात्मक प्रभाव से बचने के लिए कौन से उपाय किए जा सकते हैं।
सूर्य ग्रहण के दौरान करें ये धार्मिक उपाय
- ग्रहण के समय मंत्र जाप करना शुभ माना जाता है। इस दौरान महामृत्युंजय मंत्र, गायत्री मंत्र या सूर्य मंत्र का जाप किया जा सकता है।
महामृत्युंजय मंत्र:
ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्।
उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्॥
गायत्री मंत्र:
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं
भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो नः प्रचोदयात्॥
सूर्य मंत्र:
ॐ ह्रीं ह्रीं सूर्याय नमः।
- भोजन को लेकर क्या करें? ग्रहण के समय भोजन और पानी में तुलसी की पत्तियां डालना शुभ माना जाता है। इससे भोजन की शुद्धता बनी रहती है।
- ग्रहण खत्म होने के बाद करें घर की शुद्धि: ग्रहण समाप्त होने के बाद घर में गंगाजल का छिड़काव करना चाहिए। इससे वातावरण की शुद्धि होती है।
- पीपल के पेड़ पर जल चढ़ाएं: ग्रहण के बाद पीपल के वृक्ष में जल अर्पित करना भी एक उपाय है।
- सूर्य से जुड़ी चीजों का दान करें: गुड़, गेहूं और सोने का दान करना शुभ माना जाता है।
भारत में सूर्य ग्रहण का समय
12 अगस्त 2026 को सूर्य ग्रहण रात 9:04 बजे शुरू होगा, अधिकतम चरण रात 11:16 बजे आएगा और समाप्ति 13 अगस्त को रात 1:28 बजे होगी।
क्या भारत में दिखाई देगा सूर्य ग्रहण?
नहीं, यह सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा। ग्रहण के समय भारत में रात होगी, इसलिए इसे प्रत्यक्ष रूप से नहीं देखा जा सकेगा।
भारत में सूतक काल
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सूतक काल उसी स्थान पर मान्य होता है, जहां ग्रहण दिखाई देता है। चूंकि यह ग्रहण भारत में नहीं दिखाई देगा, इसलिए सूतक काल मान्य नहीं होगा।
नोट: उपरोक्त उपाय धार्मिक और ज्योतिषीय मान्यताओं पर आधारित हैं।