AI टैक्स के कारण स्मार्टफोन और लैपटॉप की कीमतों में वृद्धि
टेक्नोलॉजी समाचार:
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का प्रभाव तकनीकी क्षेत्र में तेजी से बढ़ रहा है, जिसका सीधा असर उपभोक्ताओं की जेब पर पड़ रहा है। भारत समेत कई देशों में स्मार्टफोन और लैपटॉप की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं। इस महंगाई का मुख्य कारण हार्डवेयर पर लगने वाला 'AI टैक्स' है, जिसके चलते न केवल डिवाइस की कीमतें बढ़ रही हैं, बल्कि RAM की मात्रा भी घट रही है।
AI डेटा सेंटर्स की बढ़ती मांग से सप्लाई चेन प्रभावित
बड़ी टेक कंपनियां जैसे OpenAI, Meta और Google अपने विशाल AI डेटा सेंटर्स के लिए मेमोरी चिप्स की भारी खरीदारी कर रही हैं। एक सामान्य स्मार्टफोन को सुचारू रूप से चलाने के लिए 8GB से 16GB मेमोरी की आवश्यकता होती है, जबकि Nvidia के नए Rubin GPU जैसे भारी AI वर्कलोड वाले सिस्टम 288GB तक की हाई-बैंडविड्थ मेमोरी (HBM4) का उपयोग करते हैं। इस बढ़ती मांग के कारण स्मार्टफोन और उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए मेमोरी चिप्स की कमी हो गई है।
कंपोनेंट की कीमतों में भारी वृद्धि
ग्लोबल RAM मार्केट में Samsung, SK Hynix और Micron जैसी तीन कंपनियों का वर्चस्व है, जिनकी कुल हिस्सेदारी लगभग 93 प्रतिशत है। इंटरनेशनल डेटा कॉर्पोरेशन (IDC) के वाइस प्रेसिडेंट फ्रांसिस्को जेरोनिमो के अनुसार, हाल के महीनों में मेमोरी चिप्स की कीमतों में 200 से 300 प्रतिशत तक की वृद्धि हुई है। AI कंपनियां लंबी अवधि के सौदों के लिए अधिक पैसे देने को तैयार हैं, जिससे चिप निर्माता डेटा सेंटर्स को प्राथमिकता दे रहे हैं।
Samsung को भी चुनौतियों का सामना
दुनिया की सबसे बड़ी स्मार्टफोन निर्माता कंपनी Samsung के मोबाइल डिवीजन को भी अपने गैलेक्सी फोन के लिए RAM प्राप्त करने में कठिनाई हो रही है, क्योंकि उनका सेमीकंडक्टर डिवीजन अधिक लाभदायक डेटा सेंटर ग्राहकों को प्राथमिकता दे रहा है।
स्मार्टफोन ब्रांड्स पर असर और बढ़ती कीमतें
मेमोरी की कमी का सबसे अधिक प्रभाव छोटे ब्रांड्स और मिड-रेंज स्मार्टफोन सेगमेंट पर पड़ रहा है, जो पहले से ही कम हार्डवेयर मार्जिन पर काम कर रहे हैं। Apple और Samsung जैसे प्रीमियम ब्रांड्स मजबूत सप्लाई चेन के कारण कुछ हद तक इस स्थिति को संभाल सकते हैं, लेकिन वे भी बढ़ती लागत का बोझ उपभोक्ताओं पर डाल रहे हैं।
नई कीमतों पर लॉन्च हुए स्मार्टफोन
हाल ही में Apple, Samsung और Nothing ने अपने नए डिवाइस को पुरानी पीढ़ियों की तुलना में अधिक कीमत पर लॉन्च किया है। उदाहरण के लिए, Samsung की नई Galaxy S26 सीरीज का बेस मॉडल 87,999 रुपये में उपलब्ध है, जबकि S26 Ultra की कीमत 1,39,999 रुपये तक पहुंच गई है।