करौंदा: एक सस्ता और पौष्टिक सुपरफूड
स्वास्थ्य और फिटनेस में देसी सुपरफूड का महत्व
जब स्वास्थ्य और फिटनेस की चर्चा होती है, तो अक्सर लोग महंगे विदेशी खाद्य पदार्थों जैसे ब्लूबेरी की ओर आकर्षित होते हैं, भले ही यह उनकी जेब पर भारी पड़े। लेकिन हम अपने देश के सस्ते और आसानी से उपलब्ध देसी सुपरफूड्स को नजरअंदाज कर देते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञ लीमा महाजन के अनुसार, यदि करौंदे को भी ब्लूबेरी की तरह प्रचारित किया गया होता, तो इसकी कीमत इतनी कम नहीं होती। वास्तव में, इसमें ब्लूबेरी से अधिक पोषण छिपा हुआ है।
करौंदा: न्यूट्रिशन का पावरहाउस
यह छोटा फल भले ही साधारण लगे, लेकिन इसके लाभ अत्यधिक हैं। करौंदे में फेनोलिक एसिड, फ्लेवोनोइड्स और एंथोसायनिन जैसे अद्भुत यौगिक होते हैं। यह आपके भोजन के बाद रक्त शर्करा के स्तर को बढ़ने से रोकता है, हृदय और यकृत को स्वस्थ रखता है, और आपकी त्वचा को लंबे समय तक युवा बनाए रखता है। इसके अतिरिक्त, इसमें मौजूद फाइबर और पेक्टिन आपके पाचन को बेहतर बनाते हैं। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इसमें भरपूर मात्रा में आयरन और विटामिन सी होता है, जो शरीर में खून की कमी को रोकता है।
डाइट में करौंदा को कैसे शामिल करें?
जुलाई से सितंबर के बीच मिलने वाले इस मौसमी फल का लाभ उठाने का सबसे अच्छा तरीका इसकी चटपटी चटनी बनाना है। इसे बनाना बेहद सरल है। बस करौंदा, प्याज, लहसुन, हरी या सूखी लाल मिर्च, साबुत धनिया, जीरा और नमक को एक साथ ब्लेंडर में पीस लें। आपकी स्वादिष्ट और पौष्टिक देसी चटनी तैयार है, जिसे आप अपने रोज के खाने के साथ आनंद ले सकते हैं।