गर्मी में वर्कआउट करने के लिए वैज्ञानिक सुझाव
गर्मी में वर्कआउट: क्या करें?
नई दिल्ली। जब गर्मी अपने चरम पर होती है, तो हर फिटनेस प्रेमी के मन में यह सवाल उठता है कि क्या ऐसे मौसम में वर्कआउट जारी रखना चाहिए? इस चुनौती का समाधान खोजने के लिए, एक्सरसाइज वैज्ञानिकों की एक टीम ने एक अध्ययन प्रस्तुत किया है। इस शोध में दिए गए सुझाव न केवल पेशेवर एथलीटों के लिए, बल्कि आम लोगों के फिटनेस रूटीन के लिए भी उपयोगी हैं। आइए जानते हैं कि गर्मी में सुरक्षित और प्रभावी वर्कआउट के लिए विज्ञान क्या कहता है?
तापमान पर ध्यान दें
यदि आप पार्क या खुले स्थान पर कसरत करना पसंद करते हैं, तो घर से बाहर निकलने से पहले तापमान की जांच अवश्य करें। यदि तापमान 29° सेल्सियस से अधिक है, तो इनडोर एक्सरसाइज करना बेहतर होगा।
वर्कआउट से पहले हल्का भोजन करें
गर्मी में कसरत शुरू करने से पहले हल्का भोजन करें ताकि पाचन में कोई समस्या न हो। अपने भोजन में 30 से 60 ग्राम कार्बोहाइड्रेट और थोड़े प्रोटीन शामिल करें। इसके लिए केले, खजूर, बादाम, दही के साथ ओट्स या ताजे फलों की स्मूदी का सेवन करें। नारियल पानी भी बहुत फायदेमंद हो सकता है। यदि कसरत के दौरान शुगर लेवल कम होता है, तो तुरंत एनर्जी कैंडी का सेवन करें। वर्कआउट के बाद एक से दो खजूर खाना न भूलें।
हाइड्रेशन का ध्यान रखें
वर्कआउट शुरू करने से दो घंटे पहले खुद को हाइड्रेट करें ताकि एक्सरसाइज के दौरान पानी की कमी न हो। अपने वजन के प्रति किलोग्राम 5 से 10 मिलीलीटर पानी पिएं। उदाहरण के लिए, यदि आपका वजन 60 किलो है, तो आपको कम से कम आधा लीटर पानी पीना चाहिए। एक्सरसाइज के दौरान हर 20 मिनट में थोड़ा पानी पीते रहें।
इलेक्ट्रोलाइट्स का सेवन करें
यदि आप उच्च तीव्रता वाली एक्सरसाइज करते हैं, तो पानी के साथ मौसमी फलों के जूस और इलेक्ट्रोलाइट्स ड्रिंक्स का सेवन करें। हालांकि, उच्च रक्तचाप और किडनी की समस्याओं वाले व्यक्तियों को इलेक्ट्रोलाइट्स की मात्रा बढ़ाने से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।
गुनगुने पानी से स्नान करें
गर्मी में एक्सरसाइज के बाद 10 मिनट तक हल्के गर्म पानी से स्नान करना फायदेमंद होता है। यह प्रक्रिया आपके शरीर की गर्मी सहने की क्षमता को बढ़ाती है।
एक्सरसाइज का समय कम करें
गर्मी के दिनों में कसरत का समय थोड़ा कम करें। यदि आप आमतौर पर 30 मिनट दौड़ते हैं, तो इसे घटाकर 20 मिनट करें। गर्मियों में शरीर के अत्यधिक गर्म होने का अहसास नहीं होता, जिससे ओवर-एक्सरसाइज का खतरा बढ़ जाता है।