गर्मी में स्वास्थ्य को बनाए रखने के उपाय
गर्मी की तीव्रता और स्वास्थ्य पर प्रभाव
देश के विभिन्न हिस्सों में इस समय अत्यधिक गर्मी का सामना किया जा रहा है। दिल्ली सहित कई राज्यों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर जा चुका है, जिससे लोगों की स्थिति काफी खराब हो गई है। सुबह 8 बजे से ही तेज धूप और गर्म हवाएं शुरू हो जाती हैं। गर्मी और लू से बचने के लिए लोग कई उपाय कर रहे हैं।
गर्मी में रहने से होने वाली समस्याएं
डिहाइड्रेशन: दोपहर के समय गर्मी अपने चरम पर होती है। जब हम घर से बाहर निकलते हैं, तो शरीर ठंडा रहता है, लेकिन जैसे ही बाहर जाते हैं, पसीना आना शुरू हो जाता है। इससे प्यास बढ़ती है और थकान महसूस होती है।
थकान और कमजोरी: डिहाइड्रेशन के कारण थकान और कमजोरी का अनुभव होता है। कभी-कभी यह सिरदर्द और चक्कर आने का कारण भी बन सकता है।
हीट एग्जॉशन: गर्मी के कारण शरीर का तापमान बढ़ता है, जिससे पानी की कमी हो जाती है। हीट एग्जॉशन से मांसपेशियों में दर्द, ऐंठन, सिरदर्द और चक्कर आने की समस्या हो सकती है। इससे बचने के लिए पर्याप्त पानी पीना आवश्यक है।
हीट स्ट्रोक: यदि हीट एग्जॉशन लंबे समय तक जारी रहता है, तो यह हीट स्ट्रोक में बदल सकता है। यदि किसी का शरीर का तापमान 104 डिग्री तक पहुंच जाता है, तो इसे हीट स्ट्रोक कहा जाता है। ऐसे में तुरंत चिकित्सकीय सहायता लेनी चाहिए।
डॉक्टरों की सलाह
दिल्ली के एम्स अस्पताल के चिकित्सा विभाग के प्रोफेसर डॉ. नवल विक्रम के अनुसार, यदि आपको धूप में बाहर निकलना आवश्यक है, तो सिर को टोपी, स्कार्फ, या गमछे से ढककर रखें।
- यदि आप बाहर 1-2 घंटे काम कर रहे हैं, तो बीच में 15 मिनट का ब्रेक लें ताकि शरीर का तापमान सामान्य हो सके।
- थोड़ी-थोड़ी देर में पानी पीते रहें। पानी पीने से पसीना आता है, जो शरीर के सामान्य तापमान का संकेत है। यदि पसीना नहीं आ रहा है, तो यह चिंता का विषय हो सकता है।
- मौसमी फलों का सेवन करें। ये फल शरीर में पानी की कमी को रोकने में मदद करते हैं और पोषण भी प्रदान करते हैं।