जितिया व्रत पर बनाएं पारंपरिक बिहारी व्यंजन: सतपुतिया और छोटे चने
जितिया व्रत का महत्व
बिहार, झारखंड और अन्य क्षेत्रों में जितिया व्रत का विशेष स्थान है। माताएं इस व्रत को अपने बच्चों की लंबी उम्र, स्वास्थ्य और उज्ज्वल भविष्य के लिए करती हैं। यह कठिन निर्जला व्रत तीन दिनों तक चलता है और इसका समापन पारण के साथ होता है।
पारण का दिन और विशेष व्यंजन
पारण के दिन, सुबह स्नान के बाद भगवान की पूजा की जाती है और फिर व्रत खोला जाता है। इस दिन पारंपरिक बिहारी व्यंजन जैसे सतपुतिया (झिंगनी) की सब्जी और छोटे चने (घूघनी) बनाए जाते हैं। आइए जानते हैं इनकी रेसिपी।
सतपुतिया (झिंगनी) की सब्जी बनाने की विधि
सामग्री:
500 ग्राम सतपुतिया
2 हरी मिर्च
आधा चम्मच जीरा
एक चुटकी हींग
हल्दी पाउडर
धनिया पाउडर
स्वादानुसार नमक
सरसों का तेल
विधि:
- सबसे पहले सतपुतिया को धोकर छील लें और छोटे टुकड़ों में काट लें।
- ध्यान रखें कि सतपुतिया में पानी की मात्रा अधिक होती है, इसलिए इसमें अतिरिक्त पानी न डालें।
- कड़ाही में सरसों का तेल गर्म करें।
- जब तेल गर्म हो जाए, उसमें जीरा और हींग डालें।
- फिर कटी हुई हरी मिर्च और प्याज डालकर सुनहरा भूनें।
- अब कटी हुई सतपुतिया, हल्दी, धनिया और नमक डालकर अच्छे से मिलाएं।
- कड़ाही को ढककर मध्यम आंच पर पकने दें, बीच-बीच में चलाते रहें जब तक पानी सूख न जाए और सब्जी नरम न हो जाए।
छोटा चना बनाने की विधि
सामग्री:
1 कप छोटे काले चने
1 चम्मच अदरक-हरी मिर्च का पेस्ट
आधा चम्मच जीरा
तेजपत्ता
हल्दी
लाल मिर्च पाउडर
गरम मसाला
नमक
सरसों का तेल
विधि:
- भीगे हुए चनों को कुकर में थोड़ा पानी और नमक डालकर 4-5 सीटी आने तक उबालें।
- एक कड़ाही में सरसों का तेल गर्म करें, उसमें जीरा और तेजपत्ता डालें।
- फिर अदरक-हरी मिर्च का पेस्ट डालकर भूनें।
- उबले हुए चने और सूखे मसाले (हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर) मिलाएं।
- मसालों को चनों के साथ 3-4 मिनट तक भूनें ताकि स्वाद अंदर तक चला जाए।
- अंत में थोड़ा गरम मसाला छिड़ककर आंच से उतार लें।