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ड्राइविंग के दौरान पीठ और गर्दन के दर्द से बचने के उपाय

लंबी ड्राइविंग के दौरान पीठ और गर्दन में दर्द एक आम समस्या है। इस लेख में, हम आपको बताएंगे कि कैसे सही पोस्चर, नियमित ब्रेक और आरामदायक सीट का चयन करके आप इस दर्द से बच सकते हैं। साथ ही, यदि आप पहले से किसी दर्द से ग्रस्त हैं, तो आपको क्या करना चाहिए। जानें और अपने सफर को आरामदायक बनाएं।
 

ड्राइविंग के दौरान पीठ और गर्दन में दर्द

कई लोग सफर के लिए पब्लिक ट्रांसपोर्ट की बजाय अपनी कार का उपयोग करना पसंद करते हैं। लेकिन लंबे समय तक ड्राइविंग करने से पीठ, टेल बोन और गर्दन में दर्द हो सकता है। यह समस्या अक्सर एक ही स्थिति में लंबे समय तक बैठने या गाड़ी के झटकों के कारण होती है। यदि आप भी इस समस्या का सामना कर रहे हैं, तो यह लेख आपके लिए उपयोगी साबित होगा। यहाँ हम आपको कुछ उपाय बताएंगे जिनसे आप इस दर्द से बच सकते हैं।


ड्राइविंग से पीठ को होने वाले नुकसान

लगातार बैठे रहना

घंटों तक एक ही जगह पर बैठने से रीढ़ की डिस्क पर दबाव बढ़ता है।


गलत पोस्चर

झुककर बैठने से गर्दन और कमर की मांसपेशियों में खिंचाव आ सकता है।


झटके लगना

ऊबड़-खाबड़ सड़कों और गाड़ी की कंपन से रीढ़ की हड्डी को नुकसान पहुंच सकता है।


गतिहीनता होना

लंबे समय तक मूवमेंट न होने से रक्त संचार रुकता है और मांसपेशियां कमजोर हो जाती हैं।


सावधानियां बरतें

सही पोस्चर का ध्यान रखें

बैठने से पहले अपनी जेब से फोन या वॉलेट निकाल लें। स्टीयरिंग व्हील से उचित दूरी बनाए रखें और सीट को थोड़ा पीछे झुकाकर रखें। यदि आवश्यक हो, तो लम्बर सपोर्ट पिलो का उपयोग करें।


ब्रेक लेना न भूलें

लगातार गाड़ी चलाने से बचें। हर 1.5 से 2 घंटे में 5-10 मिनट का ब्रेक लें। गाड़ी से बाहर निकलकर स्ट्रेचिंग करें और थोड़ी देर टहलें। इससे मांसपेशियों का तनाव कम होगा और रक्त संचार में सुधार होगा।


आराम और रखरखाव

ऐसी कार का चयन करें जिसकी सीटें आरामदायक हों। गाड़ी के शॉक एब्जॉर्बर और टायरों की स्थिति को ठीक रखें ताकि झटके कम महसूस हों। गाड़ी चलाते समय अचानक ब्रेक लगाने से बचें और पैरों को पैडल पर आरामदायक स्थिति में रखें।


ड्राइविंग के दौरान

ड्राइविंग करते समय पूरी तरह से जकड़कर न बैठें। हर 15-20 मिनट में अपनी स्थिति बदलें। यदि संभव हो, तो लंबी ड्राइविंग की जिम्मेदारी को साझा करें।


यदि पहले से दर्द है तो क्या करें

हीट और कोल्ड थेरेपी

ब्रेक के दौरान ठंडी या गर्म सिकाई करें। सर्दियों में हीटेड सीट का उपयोग करने से राहत मिल सकती है।


सपोर्टिक एक्सेसरीज

टेल बोन के दर्द से राहत पाने के लिए आप कॉक्सिक्स कुशन या कमर के लिए सपोर्ट बेल्ट का उपयोग कर सकते हैं।


दवा

आप डॉक्टर की सलाह पर पेन रिलीफ दवा ले सकते हैं।


कब डॉक्टर से सलाह लें

दर्द को नजरअंदाज करना गंभीर स्थिति पैदा कर सकता है। यदि ड्राइविंग के बाद कोई लक्षण दिखाई दें, तो तुरंत स्पाइन एक्सपर्ट से संपर्क करें।


हाथ-पैरों में सुन्नपन, झुनझुनी या कमजोरी महसूस होना।


दर्द कुछ दिनों से अधिक समय तक बना रहे।


सीधे खड़े होने या चलने में परेशानी होना।