युजवेंद्र चहल ने साझा की अपनी मानसिक स्वास्थ्य यात्रा और शराब की लत से लड़ाई
क्रिकेटर युजवेंद्र चहल की निजी जिंदगी की कहानी
क्रिकेट अपडेट्स: भारतीय क्रिकेटर युजवेंद्र चहल ने अपनी व्यक्तिगत चुनौतियों के बारे में खुलकर बात की है। आकाश चोपड़ा के पॉडकास्ट में उन्होंने बताया कि धनश्री वर्मा से तलाक के बाद उनकी मानसिक स्थिति बिगड़ गई थी और शराब की लत बढ़ गई थी। इस स्थिति को संभालने के लिए उन्होंने 26 दिन एक रिहैब सेंटर में बिताए और फिर शराब छोड़ने का निर्णय लिया।
पैनिक अटैक के दौरान बोलने में कठिनाई
चहल ने बताया कि एंग्जायटी और पैनिक अटैक के समय उनकी स्थिति इतनी खराब हो जाती थी कि बोलना भी मुश्किल हो जाता था। उन्होंने कहा कि उस समय उनकी धड़कनें तेज हो जाती थीं और उनका चेहरा सिकुड़ने लगता था। होंठ कसकर एक तरफ खिंच जाते थे, जिससे दूसरों को उनकी परेशानी का अंदाजा हो जाता था।
क्रिकेटर ने यह भी साझा किया कि उन्हें डर था कि अगर लोग उनकी समस्याओं के बारे में जान जाएंगे, तो सोशल मीडिया पर उनके बारे में नकारात्मक बातें होंगी। इसलिए, उन्होंने अपना ध्यान आईपीएल और क्रिकेट पर केंद्रित करने की कोशिश की।
तलाक के बाद शराब की लत बढ़ी
आकाश चोपड़ा ने चहल से पूछा कि शराब पीने की आदत कैसे शुरू हुई। चहल ने बताया कि वह युवा थे और दोस्तों के साथ पार्टियों में शराब पीते थे। उन्होंने 2011 में अपना पहला आईपीएल खेला था। चहल ने दक्षिण अफ्रीका के पूर्व क्रिकेटर एबी डिविलियर्स की सलाह का भी उल्लेख किया, जिसमें संतुलन बनाए रखने की बात कही गई थी।
चहल के अनुसार, तलाक के बाद उनकी शराब पीने की आदत काफी बढ़ गई थी। उन्हें एहसास हुआ कि अगर यह जारी रहा, तो इसका क्रिकेट पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। उन्होंने बताया कि इस कठिन समय में उनके करीबी दोस्त और परिवार उनके साथ खड़े रहे।
रिहैब में 26 दिन बिताने के बाद छोड़ी शराब
चहल ने बताया कि काउंटी क्रिकेट खेलने के बाद पिछले साल उन्होंने शराब छोड़ने का निर्णय लिया। उन्हें लगा कि स्थिति नियंत्रण से बाहर हो रही है। इसके बाद वह रिहैब सेंटर में भर्ती हुए और 26 दिन वहां बिताए। इस अनुभव ने उन्हें अपनी स्थिति को समझने और भावनाओं को संभालने में मदद की।
उन्होंने अपनी फिटनेस में आए बदलाव का जिक्र करते हुए बताया कि आईपीएल के दौरान वह जिम, फील्डिंग ड्रिल और नियमित ट्रेनिंग पर ध्यान देने लगे थे। चहल ने कहा कि अब वह अपनी आदतों और मानसिक स्थिति को बेहतर तरीके से संभालना जानते हैं।
पंजाब किंग्स के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाना चाहते थे चहल
चहल ने आईपीएल में पंजाब किंग्स से जुड़ने का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि टीम ने उन पर 18 करोड़ रुपये खर्च किए थे, इसलिए वह फ्रेंचाइजी के भरोसे को सही साबित करना चाहते थे। उन्होंने कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ कम स्कोर वाले मैच का उदाहरण देते हुए बताया कि ऐसे मौकों पर उन्हें जिम्मेदारी निभाने का एहसास होता था।
चहल ने आईपीएल 2025 में 16 विकेट लिए थे, जबकि 2026 के सीजन में उनके नाम 12 विकेट रहे। वह अगस्त 2023 के बाद से भारत के लिए टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच नहीं खेले हैं। हाल ही में उन्होंने फर्स्ट क्लास क्रिकेट से संन्यास लेने का भी निर्णय लिया था।