अनुज अग्निहोत्री: UPSC टॉपर बनने की प्रेरणादायक कहानी
सिविल सेवा परीक्षा में अनुज की सफलता
अनुज अग्निहोत्री ने सिविल सेवा परीक्षा में टॉप किया और उन्हें अपने परिणाम की जानकारी एक अनोखे तरीके से मिली। उन्होंने बताया कि उनके एक मित्र ने फोन करके उन्हें इस उपलब्धि की सूचना दी। उस समय उन्होंने खुद रिजल्ट की पीडीएफ नहीं देखी थी। जब उन्होंने अपनी नाम की सूची में देखा, तो उन्हें पहले यकीन नहीं हुआ।
खुशी और आश्चर्य का पल
अनुज ने कहा कि वह खुशी से चिल्लाने के बजाय कुछ समय के लिए शांत रहे और फिर से परिणाम को देखा। उनके माता-पिता भी उस समय उनके साथ थे और सभी को यह समझने में थोड़ा समय लगा कि क्या हुआ है।
मेहनत और किस्मत का संगम
अनुज का मानना है कि उनकी सफलता में मेहनत के साथ-साथ किस्मत का भी योगदान है। उन्होंने भगवान का धन्यवाद करते हुए कहा कि सही समय, अवसर और परिवार का समर्थन बहुत महत्वपूर्ण है। उनके अनुसार, निरंतर मेहनत करना आवश्यक है, लेकिन कभी-कभी किस्मत भी मदद करती है।
डॉक्टर से सिविल सर्विस तक का सफर
अनुज ने जोधपुर के एम्स से एमबीबीएस की पढ़ाई की है। मेडिकल की पढ़ाई के साथ-साथ उन्होंने सिविल सेवा की तैयारी भी जारी रखी। इंटर्नशिप के दौरान उनके सीनियर्स और साथियों ने उन्हें काफी सहयोग दिया, जिससे उन्हें पढ़ाई के लिए समय मिल सका।
तीसरे प्रयास में मिली सफलता
अनुज ने बताया कि पहले प्रयास में उनकी बुनियाद मजबूत हुई, लेकिन चयन नहीं हो पाया। दूसरे प्रयास में भी सफलता नहीं मिली। अंततः तीसरे प्रयास में उन्होंने टॉप रैंक हासिल की। उन्होंने कहा कि पहले प्रयास में वह सुबह 6 बजे उठते थे और रात 11 बजे तक पढ़ाई करते थे।
परिवार के साथ बिताया खास समय
तैयारी के दौरान अनुज ने परिवार के साथ काफी समय बिताया। उनका कहना है कि नौकरी शुरू होने पर माता-पिता के साथ इतना समय बिताना मुश्किल हो जाता है, इसलिए वह इस समय को खास मानते हैं।
छोटे शहर से बड़ी उपलब्धि
अनुज राजस्थान के कोटा के पास स्थित रावतभाटा से हैं। उनके पिता परमाणु ऊर्जा क्षेत्र में काम करते हैं, जबकि उनकी मां गृहिणी हैं।
तनाव में संगीत और खेल का सहारा
अनुज ने बताया कि पढ़ाई के दौरान तनाव के समय वह संगीत सुनते थे या हल्की शारीरिक गतिविधि करते थे। उन्हें खेलकूद भी पसंद है और वह क्रिकेटर महेंद्र सिंह धोनी के बड़े प्रशंसक हैं।
आलू चाट से मनाते हैं जश्न
अनुज की एक खास आदत है कि वह आलू चाट बहुत पसंद करते हैं और अपनी हर छोटी-बड़ी सफलता का जश्न इसी से मनाते हैं। उनके अनुसार, मेहनत, धैर्य और उम्मीद ही सफलता की सबसे बड़ी कुंजी है।