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इंफाल: मणिपुर की अनदेखी खूबसूरती और यात्रा के बेहतरीन स्थल

इंफाल, मणिपुर का एक खूबसूरत शहर है, जो अपनी अनोखी संस्कृति और ऐतिहासिक स्थलों के लिए प्रसिद्ध है। इस लेख में, हम आपको इमा मार्केट, कांगला किला, सानामाही मंदिर और लोकताक झील जैसे प्रमुख स्थलों के बारे में जानकारी देंगे। जानें कि कैसे आप इन स्थलों का दौरा कर सकते हैं और यात्रा के लिए क्या तैयारी करनी चाहिए।
 

इंफाल एयरपोर्ट की सुंदरता

इंफाल एयरपोर्ट अपनी खूबसूरती के लिए जाना जाता है। यहां की ताजगी भरी हवा और खुला आकाश आपको मंत्रमुग्ध कर देगा। मणिपुरी शैली की हरी छतों वाला यह छोटा सा एयरपोर्ट इतना सहज है कि आप फ्लाइट से उतरते ही पैदल ही भवन में जा सकते हैं। महानगरों की हलचल से दूर, इस शहर की अपनी एक खास पहचान है। यदि आप मणिपुर की यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो यह लेख आपके लिए उपयोगी साबित होगा। हम आपको बताएंगे कि इंफाल में कौन-कौन सी जगहों का दौरा करना चाहिए।


इमा मार्केट

शहर के केंद्र में स्थित इमा मार्केट महिलाओं द्वारा संचालित एक अनोखा बाजार है। यह बाजार पूरी तरह से माताओं द्वारा चलाया जाता है। यहां आप फनेक, ब्लाउज, शॉल, दुपट्टे, चादर, गमछे और अन्य कई चीजें खरीद सकते हैं।


कांगला किला की सैर

इंफाल में दो प्रमुख स्थान हैं, जिन्हें देखना न भूलें: कांगला किला और लोकताल झील। कांगला किला, इंफाल नदी के किनारे स्थित है। मेतेई भाषा में इसका अर्थ है 'भूमि का मुख्य भाग'। यह किला मणिपुर के राजवंश के शासकों का ऐतिहासिक स्थल रहा है और आज भी स्थानीय लोगों के लिए गर्व का प्रतीक है।


किले के मुख्य द्वार पर देवताओं की मूर्तियां हैं, जिन्हें देवताओं का देव माना जाता है। यहां गोल्फ कार्ट की सुविधा भी उपलब्ध है। इसके अलावा, आप कांगला संग्रहालय, बोट म्यूजियम और पुरातत्व संग्रहालय का भी दौरा कर सकते हैं।


सानामाही और पखंबा मंदिर

आप सानामाही और पखंबा मंदिरों का भी दौरा कर सकते हैं। सानामाही मंदिर मेतेई वास्तुकला का अद्वितीय उदाहरण है, जिसमें सींगों की आकृति बनी हुई है, जिसे मेतेई लोग पवित्र मानते हैं। यहां राजा बोधचंद्र की समाधि और महाराजा नरसिंह की घोड़े पर सवार मूर्ति भी दर्शनीय हैं।


लोकताक झील

लोकताक झील, नॉर्थ ईस्ट की सबसे बड़ी ताजे पानी की झील है। इसकी विशेषता यह है कि झील के ऊपर तैरते भूखंड हैं, जिन्हें स्थानीय भाषा में 'फुम्डी' कहा जाता है। ये वनस्पति और जैविक तत्वों से बने होते हैं।


मोइरांग के पास स्थित इस झील में आईएनए संग्रहालय भी है, जहां नेताजी सुभाष चंद्र बोस और उनकी सेना से संबंधित वस्तुएं देखी जा सकती हैं। इसके अलावा, इंडियन पीस मेमोरियल भी है, जो उन शहीदों की याद में बनाया गया है, जिन्होंने द्वितीय विश्व युद्ध में लड़ाई लड़ी थी।


यात्रा के लिए महत्वपूर्ण जानकारी

इंफाल जाने के लिए ट्रेन से दीमापुर या गुवाहाटी पहुंचना होगा, जहां से आप बस ले सकते हैं। इसके अलावा, देश के प्रमुख शहरों से फ्लाइट द्वारा भी यहां पहुंचा जा सकता है।


सितंबर से अप्रैल का समय इंफाल यात्रा के लिए सबसे उपयुक्त है, क्योंकि इस दौरान मौसम सुहावना रहता है।


मणिपुर में यात्रा करने के लिए भारतीय नागरिकों को इनर लाइन परमिट की आवश्यकता होती है, जिसे ऑनलाइन प्राप्त किया जा सकता है। आप इसे मणिपुर सरकार के आधिकारिक पोर्टल से या कोलकाता, दिल्ली और गुवाहाटी स्थित मणिपुर भवन से भी प्राप्त कर सकते हैं।