क्या बच्चों के लिए चाय पीना सुरक्षित है? जानें इसके प्रभाव
चाय का महत्व और बच्चों पर प्रभाव
नई दिल्ली: चाय भारतीय परिवारों में एक लोकप्रिय पेय है, जो सुबह से लेकर शाम तक हर समय पी जाती है। लेकिन एक महत्वपूर्ण प्रश्न जो अक्सर माता-पिता के मन में आता है, वह यह है कि क्या बच्चों के लिए चाय पीना सुरक्षित है? इसका उत्तर सीधा है - नहीं, खासकर रोजाना के लिए। भारतीय चाय में कैफीन और चीनी की मात्रा अधिक होती है, जो बच्चों और बड़ों दोनों के लिए हानिकारक हो सकती है।
चाय के दुष्प्रभाव
चाय में मौजूद कैफीन एक उत्तेजक तत्व है, जो नर्वस सिस्टम पर असर डालता है। बच्चों में कैफीन के सेवन से नींद में कमी, बेचैनी, चिड़चिड़ापन, तेज दिल की धड़कन और ध्यान केंद्रित करने में कठिनाई जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इसके अलावा, चाय में अधिक चीनी बच्चों के दांतों के स्वास्थ्य को भी नुकसान पहुंचा सकती है, जिससे कैविटी और दांतों में सड़न का खतरा बढ़ जाता है। नियमित चाय पीने से बच्चों के मानसिक विकास और समग्र वृद्धि पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
बच्चों के लिए चाय पीने की सही उम्र
कई माता-पिता यह जानना चाहते हैं कि बच्चों को चाय कब से पीना शुरू करना चाहिए। इस विषय पर कोई निश्चित शोध नहीं है, लेकिन माता-पिता को कैफीन की सुरक्षित मात्रा को समझना आवश्यक है।
शोध का क्या कहना है?
अमेरिकन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स के अनुसार, बच्चों और किशोरों को चाय और कॉफी जैसे कैफीन युक्त पेय से सावधान रहना चाहिए। 12 से 18 वर्ष के किशोर रोजाना 100 मिलीग्राम तक कैफीन का सेवन कर सकते हैं, जो लगभग एक से दो कप चाय के बराबर है। हालांकि, 12 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के लिए चाय से पूरी तरह बचना सबसे अच्छा है।
क्या बच्चों के लिए चाय के कोई लाभ हैं?
कभी-कभी, चाय शरीर के दर्द, पेट की समस्याओं, सर्दी या खांसी से थोड़ी राहत दे सकती है। कुछ माता-पिता सर्दियों में गर्मी के लिए चाय देते हैं। हालांकि, ये तात्कालिक लाभ बच्चों में कैफीन के संपर्क में आने के दीर्घकालिक जोखिमों से अधिक महत्वपूर्ण नहीं हैं।
क्या बच्चों के लिए चाय सुरक्षित है?
नियमित रूप से कैफीन युक्त चाय बच्चों के लिए सुरक्षित नहीं मानी जाती है। इसके बजाय, माता-पिता तुलसी, कैमोमाइल या अदरक जैसी चीजों से बनी हर्बल चाय दे सकते हैं, जो आमतौर पर कैफीन-फ्री होती हैं और बच्चों के लिए अधिक हल्की होती हैं।
माता-पिता के लिए अंतिम सलाह
हालांकि चाय हानिरहित लग सकती है, लेकिन बच्चों को रोजाना चाय से दूर रखना बेहतर है। दूध, गर्म पानी, सूप या हल्की हर्बल चाय जैसे स्वस्थ विकल्पों को प्राथमिकता दें। आज बच्चों को अधिक कैफीन से बचाना, कल बेहतर शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य सुनिश्चित करने में मदद करता है।