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घर पर घेवर बनाने की सरल विधि: सावन के त्योहार के लिए खास

इंस्टाग्राम पर घेवर बनाने का ट्रेंड तेजी से बढ़ रहा है, खासकर सावन और त्योहारों के दौरान। इस लेख में, हम आपको घर पर घेवर बनाने की सरल विधि बताएंगे। जानें आवश्यक सामग्री, घोल तैयार करने की प्रक्रिया, और घेवर को कुरकुरा बनाने के टिप्स। साथ ही, इसे सजाने के लिए रबड़ी और मेवे का उपयोग कैसे करें। इस रेसिपी के साथ, आप अपने परिवार और दोस्तों के लिए खास मिठाई बना सकते हैं।
 

घेवर बनाने का ट्रेंड

हाल के दिनों में, इंस्टाग्राम पर घेवर बनाने का चलन तेजी से बढ़ा है। लोग अपने घरों में घेवर बनाकर उसकी रेसिपी और वीडियो साझा कर रहे हैं। विशेष रूप से सावन और त्योहारों के समय, घेवर की मांग में वृद्धि होती है। बाजार से घेवर खरीदने के बजाय, कई लोग इसे खुद बनाने का प्रयास कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रही इस सरल रेसिपी ने लोगों की रुचि को और बढ़ा दिया है।


घेवर की विशेषता

घेवर, राजस्थान की एक प्रसिद्ध मिठाई है, जिसे खासतौर पर सावन और तीज के अवसर पर बनाया और खाया जाता है। इसकी अनोखी जालीदार बनावट और स्वाद इसे अन्य मिठाइयों से अलग बनाते हैं। यदि आप भी इंस्टाग्राम पर देखे गए घेवर बनाने के वीडियो को देखकर इसे घर पर बनाना चाहते हैं, तो इसे कुछ साधारण सामग्रियों से तैयार किया जा सकता है।


घर पर घेवर बनाने के लिए सामग्री

घेवर बनाने के लिए आपको बहुत सारी सामग्री की आवश्यकता नहीं है। इसके लिए निम्नलिखित चीजें चाहिए:



  • 2 कप मैदा

  • 4 बड़े चम्मच घी

  • लगभग 4 कप ठंडा पानी

  • आधा कप दूध

  • 1 कप चीनी

  • 2-3 इलायची

  • तलने के लिए घी या तेल

  • सजाने के लिए बादाम और पिस्ता

  • चाहें तो ऊपर से रबड़ी या मलाई


घोल तैयार करना

घेवर बनाने के लिए सबसे पहले घोल तैयार करना आवश्यक है। इसके लिए एक बड़े बर्तन में घी लें और उसमें 2-3 बर्फ के टुकड़े डालकर अच्छी तरह फेंटें। जब घी हल्का और क्रीमी दिखने लगे, तो इसमें धीरे-धीरे मैदा डालें।


अब ठंडा पानी डालते हुए लगातार फेंटते रहें। इसके बाद दूध मिलाएं और फिर पानी डालें। घोल को इतना पतला रखें कि वह चम्मच से आसानी से धार की तरह गिर सके। यदि घोल गाढ़ा लगे, तो थोड़ा और ठंडा पानी मिलाएं।


घेवर बनाने की प्रक्रिया

एक गहरी और चौड़ी कड़ाही या बर्तन लें और उसमें घी या तेल डालकर अच्छी तरह गर्म करें। घेवर बनाने के लिए बर्तन का गहरा होना जरूरी है, क्योंकि घोल डालते समय तेल या घी ऊपर आ सकता है। जब घी गर्म हो जाए, तो एक चम्मच या छोटी कटोरी में थोड़ा घोल लें और इसे कड़ाही के बीच से लगभग 1-2 फीट ऊपर रखकर पतली धार में डालें।


घोल डालने के बाद कुछ सेकंड रुकें। जब बुलबुले कम हो जाएं, तो फिर से थोड़ा घोल डालें। इसी तरह 4-5 बार घोल डाल सकते हैं। हर बार घोल डालने से पहले बीच में बनी जगह को हल्का खुला रखें ताकि घेवर की जालीदार बनावट बनी रहे। अब इसे मध्यम आंच पर सुनहरा और कुरकुरा होने तक पकाएं। तैयार होने पर इसे सावधानी से निकालें और कुछ देर रखें ताकि अतिरिक्त घी निकल जाए। फिर एक पैन में चीनी और थोड़ा पानी डालकर हल्की चाशनी तैयार करें। इसमें इलायची डाल सकते हैं। तैयार घेवर पर हल्की गर्म चाशनी डालें, लेकिन ज्यादा चाशनी न डालें, वरना घेवर की कुरकुराहट कम हो सकती है।


घेवर की सजावट

यदि आपको मलाईदार घेवर पसंद है, तो इसके ऊपर ठंडी रबड़ी डालें। इसके बाद कटे हुए बादाम, पिस्ता और थोड़ी इलायची डालकर इसे सजाएं। चाहें तो ऊपर से केसर के कुछ धागे भी डाल सकते हैं।


घेवर बनाते समय ध्यान रखने योग्य बातें

घेवर बनाते समय ध्यान रखें कि घोल पतला होना चाहिए और घी या तेल अच्छी तरह गर्म होना चाहिए। घोल को हमेशा पतली धार में डालें और एक साथ बहुत ज्यादा घोल न डालें। हर परत के बीच थोड़ा समय दें ताकि जाली अच्छी तरह बन सके। साथ ही, कड़ाही में घोल डालते समय सावधानी बरतें, क्योंकि गर्म घी या तेल के छींटे पड़ सकते हैं।