☰
×

अखिलेश यादव ने वाराणसी में भाजपा की हार पर किया तीखा हमला

समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने वाराणसी में भाजपा की हार पर कड़ा प्रहार करते हुए इसे 'फ्लॉप शो' करार दिया। उन्होंने कहा कि इस हार ने 2027 के विधानसभा चुनाव की दिशा तय कर दी है। यादव ने भाजपा की नीतियों को शिक्षा विरोधी बताया और कहा कि पढ़े-लिखे बेरोजगार स्नातकों ने भी अपना फैसला सुना दिया है। उन्होंने पीडीए का जनाधार बढ़ने का दावा किया और भाजपा में गुटबाजी का आरोप लगाया। चुनाव में जीतने वाले सपा प्रत्याशियों को बधाई देते हुए उन्होंने कहा कि सभी सपा प्रत्याशी विजेता हैं, भले ही उन्हें प्रमाणपत्र नहीं मिला हो।
 

भाजपा की हार पर अखिलेश यादव का बयान

वाराणसी। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने विधान परिषद चुनावों में भाजपा की हार पर कड़ा प्रहार किया। उन्होंने सोशल मीडिया पर भाजपा को ‘फ्लॉप शो’ करार दिया और कहा कि इन चुनावों के परिणाम ने 2027 में होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की दिशा तय कर दी है। उन्होंने इसे भाजपा की शिक्षा नीतियों के खिलाफ जनादेश बताया।


डबल इंजन की डबल हार

अखिलेश यादव ने वाराणसी में मतगणना का उल्लेख करते हुए कहा कि भाजपा ने पहले काउंटिंग में हार का सामना किया और फिर री-काउंटिंग में भी। उन्होंने इसे ‘डबल इंजन की डबल हार’ कहा। उन्होंने यह भी बताया कि पढ़े-लिखे बेरोजगार स्नातकों और चिंतित युवाओं ने भी अपना फैसला सुना दिया है।


पीडीए का बढ़ता जनाधार

डबल इंजन का डबल ज़ीरो!

#वाराणसी

— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) October 29, 2026

‘जो पीड़ित, वो पीडीए’

सपा प्रमुख ने अपनी पोस्ट में कहा कि भाजपा की नीतियों से विभिन्न वर्गों के लोग पीड़ित और अपमानित महसूस कर रहे हैं। इससे उत्पीड़ित वर्ग एकजुट हो रहे हैं और पीडीए का जनाधार 95 प्रतिशत तक पहुंच गया है। पीडीए का मतलब पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक वर्ग से है।


भाजपा में गुटबाजी का आरोप

अखिलेश ने भाजपा के भीतर गुटबाजी का भी जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी में आंतरिक फूट बढ़ रही है और विधानसभा चुनाव के लिए उम्मीदवार नहीं मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा पहले प्रत्याशियों का सर्वे कर रही थी, लेकिन अब उन्हें उम्मीदवार खोजने में कठिनाई हो रही है।


जीतने वाले प्रत्याशियों को बधाई

अखिलेश यादव ने चुनाव में जीतने वाले सपा प्रत्याशियों को बधाई दी। साथ ही उन प्रत्याशियों का भी अभिनंदन किया, जिन्हें उन्होंने चालबाजी के कारण हारने वाला बताया। उन्होंने कहा कि सभी सपा प्रत्याशी उनके लिए विजेता हैं, भले ही उन्हें प्रमाणपत्र नहीं मिला हो।


मतदाताओं का आभार

प्रिय मतदाताओं,

भाजपा एक ‘फ़्लॉप शो’ बन गई है।

भाजपा वाले वाराणसी में पहले ‘काउंटिंग’ में हारे, फिर दोबारा ‘री-काउंटिंग’ में हारे, मतलब दो बार मतगणना हुई और दोनों बार भाजपा और उनके संगी-साथी हारे।

ये डबल इंजन की डबल हार है।

विधान परिषद के चुनावों में भाजपा की हार ने 2027 में होने वाले उ.प्र. विधानसभा चुनाव की प्रस्तावना लिख दी है। ये एक तरफ़ भाजपा की ‘शिक्षक, शिक्षार्थी व शिक्षा’ विरोधी नीतियों की हार है, तो दूसरी तरफ़ पढ़े-लिखे ‘बेरोज़गार स्नातकों’ ने भी अपना फ़ैसला सुना दिया है।

भाजपा ने हर समाज को जिस तरह ‘पीड़ित, दुखी, अपमानित’ किया है, उससे सभी उत्पीड़ित एक साथ आ गए हैं। पीडीए का जनाधार अब 95% हो गया है, क्योंकि ‘जो पीड़ित, वो पीडीए’!

इससे भाजपा में अस्तित्व का संकट शुरू हो गया है, क्योंकि भाजपा के अंदर तो सभी लोग जानते हैं कि जो सीटें भाजपा जीती भी है, वो भी हेराफेरी से जीती गई हैं। भाजपा की अंदरूनी फूट से डबल इंजन की टकराहट और बढ़ गई है। इसीलिए भाजपाई प्रत्याशी विधानसभा चुनाव लड़ने की हिम्मत पूरी तरह हार गए हैं। जो भाजपा अब तक प्रत्याशियों का सर्वे करा रही थी, वो अब दूरबीन लेकर प्रत्याशी ढूँढ़ रही है, पर कहीं कोई नज़र नहीं आ रहा है।

भाजपा की टिकट की खिड़की खाली है।

इस उत्साहवर्धक जीत के लिए उ.प्र. के परम आदरणीय शिक्षकगण व अपने भविष्य के लिए चिंतित युवाओं का हम हृदय से आभार प्रकट करते हैं कि उन्होंने न केवल हमें वोट दिया, बल्कि हमारे ‘पीडीए प्रहरियों’ के साथ यथासंभव निगरानी भी रखी और प्रमाणपत्र मिलने तक डटे रहे।

हम अपने सभी जीते हुए प्रत्याशियों को बधाई देते हैं और उनको भी, जिनको चालबाज़ी-जालसाज़ी से हराया गया। दरअसल हमारा कोई भी प्रत्याशी हारा नहीं है, बस वो भाजपाई हेराफेरी के आगे जीत नहीं पाया। हम उनका भी बराबर अभिनंदन करते हैं। हमारे लिए वे सब भी बिना सर्टिफ़िकेट के विजेता हैं।

यही सजगता और एकजुटता 2027 में हमारी सरकार बनाने के लिए ‘निर्णायक नींव’ बनेगी।

पुनः सभी मतदाताओं को कोटि-कोटि हार्दिक धन्यवाद!

आपका अखिलेश

— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) October 29, 2026

अखिलेश यादव ने शिक्षकों और युवाओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि मतदाताओं ने न केवल पार्टी के पक्ष में मतदान किया, बल्कि मतगणना के दौरान भी निगरानी रखी। उन्होंने इस एकजुटता को 2027 के विधानसभा चुनाव में सपा की सरकार बनाने की आधारशिला बताया।