×

अमृतसर में हथियार तस्करी का भंडाफोड़, छह बदमाश गिरफ्तार

अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने एक नाबालिग समेत छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनके पास से सात आधुनिक पिस्तौले बरामद की गई हैं। यह कार्रवाई सीमा पार से चल रहे हथियार तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश करती है। डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि आरोपी एक विदेशी हैंडलर के संपर्क में थे, जो पाकिस्तान से अवैध हथियारों की तस्करी में मदद कर रहा था। पुलिस ने खुफिया सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की और आगे की जांच जारी है। जानें इस मामले की पूरी जानकारी।
 

अमृतसर में पुलिस ने किया बड़ा खुलासा


सीमा पार से चल रहे हथियार तस्करी का पर्दाफाश


अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने एक नाबालिग समेत छह व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है, जिनके पास से सात आधुनिक पिस्तौले बरामद की गई हैं। यह जानकारी पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) पंजाब गौरव यादव ने दी। गिरफ्तार आरोपियों में अमृतसर के गांव बुरज का गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी (27), बटाला का मनीष कुमार उर्फ जैरी (24), अमृतसर के गांव चूचकवाल का सरूप सिंह उर्फ रूप (27), फतेहपुर राजपूता का चमकौर सिंह (20) और तरनतारन का वंश शर्मा (23) शामिल हैं। बरामद हथियारों में पांच 9 एमएम ग्लॉक पिस्तौल और दो .30 बोर पिस्तौल शामिल हैं।


प्रारंभिक जांच के निष्कर्ष

डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि आरोपी एक विदेशी हैंडलर के संपर्क में थे, जो ड्रोन के माध्यम से पाकिस्तान से अवैध हथियारों की तस्करी में उनकी मदद कर रहा था। उन्होंने कहा कि ये आरोपी इन हथियारों को प्राप्त कर आपराधिक तत्वों तक पहुंचाते थे। डीजीपी ने बताया कि पूरे नेटवर्क को समाप्त करने के लिए आगे की जांच की जा रही है।


पुलिस की कार्रवाई का विवरण

पुलिस कमिश्नर (सीपी) अमृतसर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि खुफिया सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से गुरप्रीत उर्फ गोपी को गिरफ्तार किया और उसके पास से दो 9 एमएम ग्लॉक पिस्तौल बरामद की। पूछताछ के दौरान उसके साथियों मनीष उर्फ जैरी, सरूप उर्फ रूप और चमकौर सिंह को भी गिरफ्तार किया गया।


सीपी ने बताया कि बाद में चमकौर सिंह की जानकारी पर वंश शर्मा को भी गिरफ्तार किया गया, जिसके पास दो .30 बोर पिस्तौल थीं। मनीष उर्फ जैरी पिछले साल बटाला में पुलिस अधिकारियों पर हुई फायरिंग में शामिल था और फरार चल रहा था। इसी तरह, सरूप उर्फ रूप का भी आपराधिक रिकॉर्ड है और उसके खिलाफ कई मामले दर्ज हैं।