अमेरिकी सेना की वेनेजुएला में कार्रवाई, ट्रंप की नई सैन्य योजनाएं
अमेरिकी ऑपरेशन से मचा हड़कंप
नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के आदेश पर अमेरिकी सेना ने वेनेजुएला में एक महत्वपूर्ण ऑपरेशन किया है, जिसने वैश्विक स्तर पर हलचल मचा दी है। 3 जनवरी को 'ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व' के तहत सेना ने वेनेजुएला में कदम रखा और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को गिरफ्तार कर अमेरिका लाया। इस ऑपरेशन ने दुनिया भर में चर्चा का विषय बना दिया है। अब खबरें आ रही हैं कि ट्रंप ग्रीनलैंड और ईरान पर भी सैन्य कार्रवाई की योजना बना रहे हैं।
ग्रीनलैंड पर संभावित आक्रमण की तैयारी
डेली मेल की एक रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप ने 11 जनवरी को विशेष बलों के कमांडरों को ग्रीनलैंड पर संभावित आक्रमण के लिए आकस्मिक योजनाएं तैयार करने का निर्देश दिया है। हालांकि, शीर्ष सैन्य अधिकारियों ने इस योजना का विरोध किया है, जो इसके वैधता और राजनीतिक व्यवहार्यता पर सवाल उठा रहे हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि ट्रंप ने संयुक्त विशेष अभियान कमान (JSOC) को आक्रमण योजना बनाने का आदेश दिया है।
ईरान के खिलाफ सैन्य विकल्पों पर चर्चा
न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप को हाल ही में ईरान को निशाना बनाने के लिए कई सैन्य विकल्पों की जानकारी दी गई है। इनमें तेहरान में कुछ ठिकानों पर लक्षित हमले शामिल हैं, जो शासन के आंतरिक सुरक्षा तंत्र से जुड़े हैं। यह जानकारी प्रशासन द्वारा ईरानी अधिकारियों की संभावित हिंसा को रोकने के लिए उठाए जाने वाले कदमों का हिस्सा है।
ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों के बीच ट्रंप का बयान
ईरान में चल रहे सरकार विरोधी प्रदर्शनों के संदर्भ में, ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ईरान को मौजूदा सरकार से आजादी दिलाने में मदद करने के लिए तैयार है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखा कि ईरान शायद पहले से कहीं अधिक आजादी के करीब है और अमेरिका हर संभव सहायता देने को तत्पर है।