अशोक सिद्धार्थ का राजनीति से संन्यास: मायावती की तीखी प्रतिक्रिया
अशोक सिद्धार्थ का राजनीति से अलविदा
अशोक सिद्धार्थ का राजनीति से संन्यास: बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के पूर्व राज्यसभा सांसद आकाश आनंद के ससुर, अशोक सिद्धार्थ ने राजनीति से संन्यास लेने की घोषणा की है। उन्होंने यह जानकारी गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा की। सिद्धार्थ ने बसपा प्रमुख मायावती को संबोधित करते हुए लिखा, “बहन जी का हर आदेश मेरे लिए अंतिम है।” इस पर मायावती ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की, कहा कि यह निर्णय देर से लिया गया है और यदि वह पहले ऐसा करते, तो बसपा और उनके दामाद आकाश आनंद को कठिनाइयों का सामना नहीं करना पड़ता।
मायावती ने अपने एक्स पोस्ट में लिखा, 'आज श्री अशोक सिद्धार्थ द्वारा राजनीति से संन्यास लेने की घोषणा अति-देर से उठाया गया यह सही क़दम है। अगर यह फैसला वे पहले ही ले लेते, तो बी.एस.पी., बहुजन समाज और उनके दामाद को विपरीत परिस्थितियों का सामना नहीं करना पड़ता।' उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी की अम्बेडकरवादी राजनीति की परंपरा में व्यक्तिगत स्वार्थ से दूर रहना आवश्यक है।
1. आज श्री अशोक सिद्धार्थ द्वारा राजनीति से संन्यास लेने की घोषणा अति-देर से उठाया गया यह सही क़दम है।
2. वैसे लोगों का यही कहना है कि अगर यह फैसला वे काफी पहले ही ले लेते तो बी.एस.पी., बहुजन समाज व बहुजन मूवमेन्ट तथा उनके दामाद श्री आकाश आनन्द को भी लगातार विपरीत परिस्थितियों…— Mayawati (@Mayawati) September 10, 2026
सिद्धार्थ के संन्यास के निर्णय को सही ठहराते हुए मायावती ने कहा कि यह निर्णय 'देर आए, दुरुस्त आए' की कहावत के समान है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि सिद्धार्थ को अपने दामाद और पार्टी के भविष्य की चिंता होती, तो वह पहले ही संन्यास की घोषणा कर देते। इससे यह स्पष्ट होता है कि उनके इरादे में खोट है।
उन्होंने आगे कहा कि पार्टी के सदस्यों को यह समझना चाहिए कि उन्हें व्यक्तिगत स्वार्थ से ऊपर उठकर पार्टी के हित में काम करना चाहिए। मायावती ने यह भी कहा कि आकाश आनंद को पार्टी में स्वतंत्रता दी जानी चाहिए, ताकि वह अपनी इच्छानुसार कार्य कर सकें।
इससे पहले, सिद्धार्थ ने आकाश आनंद पर पार्टी पर कब्जा करने का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ महीनों में उनकी आकाश से मुलाकात नहीं हुई और संन्यास के फैसले को आकाश की वापसी से नहीं जोड़ने की बात कही। सिद्धार्थ ने स्पष्ट किया कि आकाश पहले मायावती के भतीजे हैं, बाद में उनके दामाद।