इजरायल-ईरान संघर्ष का भारतीय विमानन पर प्रभाव
नई दिल्ली में बढ़ते तनाव का असर
नई दिल्ली: मध्य पूर्व में इजरायल और ईरान के बीच हाल ही में शुरू हुए गंभीर युद्ध का प्रभाव अब भारतीय विमानन उद्योग पर भी स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। दोनों देशों के बीच चल रहे तीव्र हवाई हमलों और तनाव के कारण एयर इंडिया और इंडिगो की उड़ानों को बीच में ही लौटना पड़ा है। इस खतरनाक सैन्य स्थिति और यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के मार्गों में तत्काल बदलाव किया गया है, जिससे यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।
एयरस्पेस बंद होने का प्रभाव
इजरायल और ईरान के बीच लगातार हो रहे घातक मिसाइल हमलों के चलते दोनों देशों ने अपने हवाई क्षेत्र को वाणिज्यिक उड़ानों के लिए पूरी तरह से बंद कर दिया है। इस स्थिति के कारण भारतीय विमानों को आगे की उड़ान भरने की अनुमति नहीं मिल सकी। इस आपातकालीन स्थिति को देखते हुए दिल्ली से तेल अवीव और अन्य प्रभावित मार्गों पर जाने वाली उड़ानों को सुरक्षा कारणों से तुरंत डायवर्ट करने का निर्णय लिया गया है।
दिल्ली-तेल अवीव उड़ानें प्रभावित
एयरलाइन अधिकारियों ने इस घटनाक्रम की पुष्टि की है कि 28 फरवरी को दिल्ली से तेल अवीव के लिए उड़ान भरने वाली एयर इंडिया की फ्लाइट संख्या AI139 इजरायली हवाई क्षेत्र बंद होने के कारण अपनी मंजिल तक नहीं पहुंच सकी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए इस फ्लाइट को बीच रास्ते से ही वापस भारत लाया जा रहा है। इसके अलावा, तेल अवीव से दिल्ली लौटने वाली फ्लाइट संख्या AI140 भी इस संघर्ष के कारण प्रभावित हुई है। विमानन कंपनियां लगातार हालात पर नजर रख रही हैं और यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता दे रही हैं।