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कन्नौज में दोस्ती का खात्मा: संदेह के चलते 60 वर्षीय बुजुर्ग की हत्या

उत्तर प्रदेश के कन्नौज जिले में एक 60 वर्षीय बुजुर्ग की हत्या का मामला सामने आया है, जिसमें संदेह ने दोस्ती को दुश्मनी में बदल दिया। आरोपी ब्रजमोहन ने प्रवेश दुबे की हत्या की योजना बनाई, जब उसे संदेह हुआ कि प्रवेश एक महिला से बातचीत कर रहा है। घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया और हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी बरामद की। इस घटना ने यह दर्शाया है कि संदेह कभी-कभी कितनी गंभीर स्थिति पैदा कर सकता है।
 

कन्नौज में हत्या की चौंकाने वाली घटना


लखनऊ: उत्तर प्रदेश के कन्नौज जिले के तिर्वा क्षेत्र में एक चौंकाने वाली हत्या का मामला सामने आया है। 60 वर्षीय प्रवेश दुबे की हत्या उनके परिचित ब्रजमोहन सिंह ने की। पुलिस की जांच में यह बात सामने आई है कि यह हत्या किसी पुरानी दुश्मनी के कारण नहीं, बल्कि एक संदेह के चलते हुई।


पुलिस के अनुसार, घटना से दो दिन पहले ब्रजमोहन ने प्रवेश को एक महिला के साथ बातचीत करते देखा, जिसके बाद उसे संदेह हुआ कि दोनों के बीच कोई संबंध हैं। यह संदेह उसके मन में गहराता गया और उसने हत्या की योजना बना ली।


सोते समय किया गया हमला

18 सितंबर की रात, प्रवेश दुबे घर के बाहर पशुओं के पास टीन शेड के नीचे सो रहे थे। इसी दौरान, शराब के नशे में धुत ब्रजमोहन वहां पहुंचा और कुल्हाड़ी से उनके सिर और चेहरे पर कई वार कर दिए। मौके पर ही प्रवेश की मौत हो गई। जब सुबह ग्रामीणों को इस घटना की जानकारी मिली, तो पूरे गांव में हड़कंप मच गया।


बेटे की शिकायत पर मामला दर्ज

मृतक के बेटे प्रशांत दुबे की शिकायत पर पुलिस ने तीन नामजद और चार अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया। जांच के लिए फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वायड को लगाया गया। साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी ब्रजमोहन को खेत में लगे ट्यूबवेल के पास से गिरफ्तार कर लिया।


पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त रक्तरंजित कुल्हाड़ी और उसके कपड़े बरामद किए। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पुष्टि हुई कि प्रवेश दुबे की मौत धारदार हथियार से हुए घाव और अत्यधिक रक्तस्राव के कारण हुई। जांच के दौरान डॉग स्क्वायड का खोजी कुत्ता जैकी घटनास्थल से सीधे आरोपी के घर तक पहुंच गया। इसके बाद पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जिसमें आरोपी अकेले आते-जाते दिखाई दिया। पूछताछ में ब्रजमोहन ने हत्या की बात स्वीकार कर ली।


पुलिस की कार्रवाई और पुरस्कार की घोषणा

डीआईजी कानपुर परिक्षेत्र यमुना प्रसाद ने हत्या के अनावरण में डॉग स्क्वायड की महत्वपूर्ण भूमिका को देखते हुए टीम को 10 हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की है। पुलिस अब बरामद साक्ष्यों के आधार पर मामले की आगे जांच कर रही है। यह घटना इस बात का प्रमाण है कि संदेह कभी-कभी कितना खतरनाक साबित हो सकता है। एक मामूली संदेह ने दोस्ती को दुश्मनी में बदल दिया और 60 वर्षीय बुजुर्ग की जान ले ली।