कफ सिरप की बिक्री अब डॉक्टर की पर्ची पर निर्भर, नया नियम लागू
कफ सिरप की बिक्री पर नया नियम
नई दिल्ली। केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने मंगलवार को एक महत्वपूर्ण नोटिफिकेशन जारी किया है, जिसके अनुसार कफ सिरप सहित अन्य सिरप वाली दवाएं अब बिना डॉक्टर की पर्ची के नहीं मिलेंगी। ग्राहकों को इन दवाओं को खरीदने के लिए अब डॉक्टर की पर्ची की आवश्यकता होगी।
पिछले साल अक्टूबर में मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा और राजस्थान में कफ सिरप के सेवन से बच्चों की मौत की घटनाओं ने समाज में चिंता पैदा कर दी थी। कई बच्चों की किडनी फेल होने के कारण मृत्यु हो गई थी। स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय ने बच्चों के इलाज में कफ सिरप के उपयोग पर दिशा-निर्देश जारी किए थे। जांच में यह पाया गया था कि सिरप में डायथिलीन ग्लाइकॉल (DEG) की मात्रा 48% से अधिक थी, जबकि इसकी स्वीकार्य सीमा केवल 0.1% है।
यह नया नियम 'ड्रग्स रूल्स, 1945' में 'ड्रग्स (पांचवां संशोधन) रूल्स, 2026' के तहत संशोधन के बाद लागू किया गया है, जिसे 9 जून को सरकारी गजट में प्रकाशित किया गया था।