कांवड़ यात्रा 2026: प्रशासन की नई तैयारियां और दिशा-निर्देश
कांवड़ यात्रा 2026 की तैयारियों के तहत प्रशासन ने सुरक्षा और सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए कई नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। मेरठ में हुई बैठक में यात्रा की रणनीति पर चर्चा की गई, जिसमें सुरक्षा व्यवस्था, ट्रैफिक प्रबंधन और श्रद्धालुओं की सुविधाओं पर ध्यान दिया गया। इस बार यात्रा मार्ग पर आधुनिक तकनीक का उपयोग किया जाएगा। जानें कांवड़ यात्रा के दौरान लागू होने वाले नियम और दिशा-निर्देश।
Jul 21, 2026, 17:44 IST
कांवड़ यात्रा 2026 की तैयारियां
कांवड़ यात्रा 2026 समाचार: कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, व्यवस्थित और सुचारु बनाने के लिए प्रशासन ने व्यापक तैयारियों की शुरुआत कर दी है। मेरठ में उत्तर प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, उत्तराखंड और राजस्थान के वरिष्ठ अधिकारियों की एक संयुक्त बैठक में यात्रा की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई। इस बैठक के बाद सुरक्षा व्यवस्था, ट्रैफिक प्रबंधन, श्रद्धालुओं की सुविधाओं और कानून-व्यवस्था के संबंध में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। इस बार यात्रा मार्ग पर आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए निगरानी की जाएगी, और कांवड़ियों की सुरक्षा और सुविधा को प्राथमिकता देते हुए नए दिशा-निर्देश भी लागू किए जाएंगे।
कांवड़ यात्रा 2026 के नियम
कांवड़ यात्रा 2026 के नियम (Kanwar Yatra 2026 Rules)
- कांवड़ यात्रा के दौरान पूरे कांवड़ मार्ग पर मीट और शराब की सभी दुकानें बंद रहेंगी।
- यात्रा रूट की निगरानी हेलिकॉप्टर, ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों के जरिए की जाएगी।
- कांवड़ यात्रा के दौरान शहरों में भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक रहेगी।
- सड़क की एक लेन केवल कांवड़ियों के लिए आरक्षित होगी, जबकि दूसरी लेन से छोटे वाहन संचालित किए जाएंगे।
- कांवड़ सेवा शिविरों में श्रद्धालुओं को दिए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता की नियमित जांच होगी।
- यात्रा के साथ चलने वाले डीजे की ध्वनि सीमा अधिकतम 75 डेसिबल तय की गई है।
- डीजे की ऊंचाई 12 फीट से ज्यादा नहीं रखने के निर्देश दिए गए हैं।
- डाक कांवड़ के दौरान किसी भी तरह की रेस या प्रतिस्पर्धा पर रोक रहेगी।
- सुरक्षा व्यवस्था के लिए डॉग स्क्वाड, बम निरोधक दस्ता, आईबी, खुफिया विभाग और एलआईयू की टीमें लगातार सक्रिय रहेंगी।
- कांवड़ शिविरों का निर्माण निर्धारित मानकों के अनुसार करना जरूरी होगा।
- पूरे कांवड़ मार्ग पर समय रहते लाइटिंग, जल निकासी और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
- यदि किसी कारणवश किसी श्रद्धालु की कांवड़ खंडित हो जाती है, तो उसे तुरंत गंगाजल उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।