कुलगाम में आतंकियों ने श्रमिकों की हत्या की, हमले की रणनीति पर सवाल
कुलगाम में श्रमिकों पर हमला
श्रीनगर: दक्षिण कश्मीर के कुलगाम जिले में शुक्रवार रात आतंकवादियों ने छत्तीसगढ़ से काम करने आए दो श्रमिकों की गोली मारकर हत्या कर दी। प्रारंभिक जांच से पता चला है कि इस हमले को लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े आतंकी लतीफ बट ने अंजाम दिया। पुलिस और सुरक्षा बल मामले की गहन जांच कर रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार, लतीफ बट ने ईंट-भट्ठे पर काम कर रहे श्रमिकों के बीच लगभग 15 से 20 मिनट बिताए। उसने श्रमिकों से बातचीत की, उनके नाम पूछे और उन्हें आश्वस्त किया कि उन्हें कोई नुकसान नहीं होगा। उसके पास एक काला बैग था, जिसमें उसने अपनी असॉल्ट राइफल छिपा रखी थी।
जब श्रमिक पूरी तरह से निश्चिंत हो गए, तब लतीफ वहां से निकलने लगा। इसी दौरान उसने पानी मांगा। जैसे ही एक श्रमिक की पत्नी पानी लाने गई, उसने नजदीक से दोनों श्रमिकों पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। इस हमले में दोनों श्रमिकों की मौके पर ही मौत हो गई।
घटनास्थल पर एक डेढ़ से दो साल का बच्चा भी मौजूद था। गोलीबारी के बाद लतीफ अपने एक साथी के साथ फरार हो गया। सुरक्षा बलों ने पूरे क्षेत्र को घेरकर तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हमलावर ने पहले श्रमिकों का विश्वास जीता और फिर धोखे से उन पर हमला किया। यह घटना एक बार फिर आतंकियों की कायराना रणनीति को उजागर करती है।
इससे पहले पहलगाम में भी आतंकियों ने पर्यटकों से उनकी पहचान पूछने के बाद हमला किया था। दोनों घटनाओं में हमले से पहले पीड़ितों का विश्वास हासिल करने की समान रणनीति देखी गई है। हालांकि, सुरक्षा एजेंसियों ने अभी तक दोनों मामलों के बीच किसी प्रत्यक्ष संबंध की पुष्टि नहीं की है।