कोलकाता एयरपोर्ट पर गौरीपुर जामा मस्जिद का स्थानांतरण शुरू
कोलकाता एयरपोर्ट में मस्जिद का स्थानांतरण
कोलकाता के नेताजी सुभाष चंद्र बोस अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे में स्थित ऐतिहासिक गौरीपुर जामा मस्जिद को नई जगह पर स्थानांतरित करने की प्रक्रिया प्रशासन ने शुरू कर दी है। एयरपोर्ट परिसर में इस मस्जिद की उपस्थिति लंबे समय से विमान संचालन और सुरक्षा के लिए एक चुनौती बनी हुई थी। प्रशासन का कहना है कि यात्रियों और उड़ानों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए यह निर्णय लिया गया है।
सुरक्षा कारणों से महत्वपूर्ण निर्णय
एयरपोर्ट के अधिकारियों के अनुसार, यह मस्जिद हवाई अड्डे के दूसरे रनवे के निकट स्थित है, जिसकी दूरी लगभग 165 मीटर है। जब मुख्य रनवे रखरखाव के लिए बंद होता है, तब इसी रनवे का उपयोग विमानों की आवाजाही के लिए किया जाता है। ऐसे में आपातकालीन लैंडिंग या अन्य संवेदनशील परिस्थितियों में सुरक्षा संबंधी जोखिम बढ़ सकता है। इसी कारण से संबंधित एजेंसियों ने मस्जिद को एयरपोर्ट परिसर से बाहर स्थानांतरित करने का निर्णय लिया है।
बैठक के बाद निरीक्षण और नमाज पर अस्थायी रोक
इस मुद्दे पर उत्तर 24 परगना जिला प्रशासन, स्थानीय जनप्रतिनिधियों और मस्जिद प्रबंधन समिति के बीच एक विस्तृत बैठक आयोजित की गई। बैठक के बाद अधिकारियों की एक टीम ने स्थल का निरीक्षण किया। प्रशासन ने मरम्मत और स्थानांतरण से संबंधित कार्यों को ध्यान में रखते हुए 11 जुलाई 2026 से तीन दिनों के लिए मस्जिद में नमाज अदा करने पर अस्थायी रोक लगा दी है। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम केवल निर्माण और सुरक्षा कार्यों को सुचारू रूप से पूरा करने के लिए उठाया गया है।
एयरपोर्ट विकास के साथ रिलोकेशन प्रक्रिया
स्थानीय भाजपा विधायक सौरव सिकदर ने मौके का दौरा करने के बाद कहा कि संबंधित भूमि एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अधिकार क्षेत्र में आती है, इसलिए विकास कार्यों और सुरक्षा से जुड़े निर्णय उसी के अनुसार लिए जा रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि मस्जिद को सम्मानपूर्वक दूसरी उपयुक्त जगह स्थानांतरित करने की प्रक्रिया सभी संबंधित पक्षों से चर्चा के बाद पूरी की जाएगी। एयरपोर्ट के विस्तार और विमानन सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आगे की कार्रवाई चरणबद्ध तरीके से की जाएगी।