गुजरात में 2500 करोड़ रुपये का साइबर फ्रॉड, 20 आरोपी गिरफ्तार
साइबर फ्रॉड का खुलासा
नई दिल्ली: गुजरात के राजकोट में 2500 करोड़ रुपये के एक बड़े साइबर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। इस मामले में निजी बैंकों के अधिकारियों की संलिप्तता के चलते पुलिस ने तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिससे कुल गिरफ्तारियों की संख्या 20 हो गई है। राजकोट (ग्रामीण) के पुलिस अधीक्षक विजय गुर्जर के अनुसार, यस बैंक के पर्सनल मैनेजर मौलिक कामानी, जामनगर स्थित एक्सिस बैंक के मैनेजर कल्पेश डांगरिया और एचडीएफसी बैंक के पर्सनल बैंकर अनुराग बाल्धा को गिरफ्तार किया गया है।
जांच में यह पता चला है कि मौलिक कामानी ने पहले से गिरफ्तार आरोपियों की सहायता करते हुए संदिग्ध बैंक खातों को खोला और उनका संचालन किया। उसने विभिन्न दस्तावेजों का उपयोग कर इन खातों को सक्रिय बनाए रखा, जिससे बड़ी रकम के लेन-देन पर बैंक की निगरानी को नजरअंदाज किया जा सके।
दूसरी ओर, कल्पेश डांगरिया ने फर्जी पहचान के आधार पर खातों को खोलने में मदद की, जबकि अनुराग बाल्धा ने सत्यापन और प्रमाणन प्रक्रिया को पूरा कर नए खातों को वैधता प्रदान की। तीनों आरोपी इन खातों से नकदी निकालकर हवाला नेटवर्क के माध्यम से रकम को आगे भेजने में भी शामिल थे।
पुलिस ने बताया कि अब तक इस रैकेट से जुड़े 85 बैंक खातों की पहचान की जा चुकी है और साइबर क्राइम पोर्टल पर 535 शिकायतें दर्ज की गई हैं। सभी आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की जांच जारी है।