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गौतम बुद्ध नगर में अवैध खनन पर प्रशासन की कड़ी कार्रवाई

गौतम बुद्ध नगर में अवैध खनन और उपखनिज के अवैध परिवहन के खिलाफ प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई की है। दिसंबर 2025 में 33 वाहनों को जब्त किया गया और 12 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया गया। नए वर्ष में भी कार्रवाई जारी है, जिसमें नदी की जलधारा में अवैध खनन के प्रमाण मिले हैं। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।
 

अवैध खनन के खिलाफ प्रशासन की सख्त कार्रवाई

नोएडा: गौतम बुद्ध नगर में अवैध खनन और उपखनिज के अवैध परिवहन को रोकने के लिए जिला प्रशासन ने कठोर कदम उठाए हैं। जिलाधिकारी मेधा रूपम के निर्देशों और अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) अतुल कुमार के मार्गदर्शन में खनन विभाग ने लगातार अभियान चलाया है।


इस अभियान के तहत दिसंबर 2025 में जिले के विभिन्न स्थानों पर व्यापक जांच और प्रवर्तन कार्यवाही की गई। जिला खनन अधिकारी उत्कर्ष त्रिपाठी ने बताया कि इस दौरान जेवर, दादरी, दनकौर, कासना समेत अन्य क्षेत्रों में अवैध रूप से उपखनिज का परिवहन करते हुए 33 वाहनों को पकड़ा गया। सभी वाहनों को संबंधित थानों में जब्त किया गया है।


इस कार्रवाई में नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर 12 लाख 39 हजार 730 रुपये का जुर्माना लगाया गया, जिसकी वसूली भी सुनिश्चित की गई। नए वर्ष की शुरुआत में भी प्रशासन ने अवैध खनन के खिलाफ सख्त कदम उठाए। 2 जनवरी 2026 को डिप्टी कलेक्टर, तहसीलदार दादरी और खान अधिकारी की संयुक्त टीम ने तहसील दादरी के ग्राम रायपुर खादर में खनन पट्टा क्षेत्र का निरीक्षण किया।


निरीक्षण के दौरान नदी की जलधारा में अवैध खनन के स्पष्ट प्रमाण मिले, जो पर्यावरण और प्राकृतिक संसाधनों के लिए गंभीर खतरा हैं। जांच में दोषी पाए जाने पर संबंधित खनन पट्टा क्षेत्र में 5 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। इसके साथ ही मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रथम सूचना रिपोर्ट (एफआईआर) दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू की गई है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनन न केवल राजस्व को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि पर्यावरण संतुलन को भी गंभीर रूप से प्रभावित करता है।


जिलाधिकारी मेधा रूपम के निर्देशानुसार जनपद में अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ भविष्य में भी इसी तरह की कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। प्रशासन ने खनन कारोबार से जुड़े लोगों को चेतावनी दी है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ किसी भी स्तर पर कोई ढील नहीं दी जाएगी।