चिराग पासवान की महिला सुरक्षा पर आलोचना, तेजस्वी यादव का तीखा जवाब
बिहार में महिला सुरक्षा पर उठे सवाल
बिहार में महिला सुरक्षा: केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने हाल ही में अपने राज्य बिहार में महिला सुरक्षा के मुद्दे पर अपनी ही सरकार की आलोचना की। इसके बाद, वह विपक्षी नेताओं के निशाने पर आ गए हैं। कई नेता उन्हें एनडीए से अलग होने और मंत्री पद से इस्तीफा देने की सलाह दे रहे हैं। इसी संदर्भ में, बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने चिराग पासवान और भाजपा सांसद शंभू शरण पटेल पर कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि ऐसे केंद्रीय मंत्री और सांसद बनने का क्या लाभ है जब आपकी सरकार में कोई आपकी बात नहीं सुनता?
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान और भाजपा के राज्यसभा सांसद शंभू शरण पटेल ने बिहार में महिला सुरक्षा और कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। इस पर तेजस्वी यादव ने मंगलवार को सोशल मीडिया पर लिखा, "चुनाव तो चोरी से जीत लिया लेकिन जनता का दिल कैसे जीतेंगे? जनता ने तो इन्हें नकारा था। ऐसे केंद्रीय मंत्री और सांसद बनने का क्या फायदा जब आपकी सरकार में कोई सुने ही नहीं? आखिर प्रधानमंत्री/मुख्यमंत्री और अधिकारी इनकी बात क्यों नहीं सुनते? क्योंकि वे जानते हैं कि इन्हें जनता ने नहीं, चुनाव आयोग की मदद से चुना है।"
चुनाव तो चोरी से जीत लिया लेकिन जनता का दिल कैसे जीतेंगे?
जनता ने तो इन्हें नकारा था।
ऐसे केंद्रीय मंत्री और सांसद बनने का क्या फायदा जब आपकी सरकार में कोई सुने ही नहीं?
विचार करना आख़िर प्रधानमंत्री/मुख्यमंत्री एवं कोई अधिकारी इनकी सुनता क्यों नहीं है?
क्योंकि वो सब भी… pic.twitter.com/ODh8rIt54H
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) September 29, 2026
सांसद शंभू शरण पटेल ने अपनी ही सरकार के खिलाफ आवाज उठाते हुए कहा, "बिहार में कानून व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो गई है। पुलिसिंग की स्थिति बेहद खराब है।" वहीं, लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने एक टीवी चैनल पर कहा, "यह सच है कि आज बिहार में कोई भी सुरक्षित महसूस नहीं कर रहा है। यह चिंता छोटी नहीं है, मैं भी इस सरकार का सहयोगी हूं और इस मुद्दे से भाग नहीं सकता। मैं खुद को शर्मिंदा महसूस कर रहा हूं।" पासवान ने आगे कहा, "मैं आक्रोशित हूं... राष्ट्रीय स्तर पर बिहार की छवि कैसी बन रही है? हमारी बेटियों में डर और असुरक्षा का भाव उत्पन्न हो गया है... मैं जिस सरकार का हिस्सा हूं, वह अगर सुरक्षा का अहसास नहीं कराती, तो मैं इसे स्वीकार नहीं करूंगा।"