चीन का पश्चिम एशिया में शांति के लिए चार सूत्री प्रस्ताव
पश्चिम एशिया में शांति की दिशा में कदम
नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में युद्ध की स्थिति फिलहाल स्थिर है। अमेरिका और इजराइल ने ईरान पर आक्रमण नहीं किया है, लेकिन होर्मुज की खाड़ी में तनाव बना हुआ है। इस तनाव के बीच, चीन ने पहली बार शांति के लिए चार सूत्री योजना प्रस्तुत की है। राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने यह प्रस्ताव 14 अप्रैल को बीजिंग में संयुक्त अरब अमीरात के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नहयान के साथ बैठक के दौरान दिया।
शी जिनपिंग के चार सूत्री प्रस्ताव में पहला बिंदु यह है कि क्षेत्र के देशों को शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व के सिद्धांत को बनाए रखना चाहिए। दूसरा बिंदु यह है कि सभी देशों की संप्रभुता, आत्मनिर्भरता और अधिकारों का सम्मान किया जाए। तीसरा बिंदु विकास और सुरक्षा के बीच संतुलन बनाए रखना है, और चौथा बिंदु अंतरराष्ट्रीय नियमों और कानूनों के आधार पर व्यवस्था को बनाए रखना है।