चुनाव आयोग ने 17 राज्यों में मतदाता सूची के विशेष समरी रिवीजन की घोषणा की
मतदाता सूची का विशेष समरी रिवीजन
नई दिल्ली। चुनाव आयोग ने मतदाता सूची के विशेष समरी रिवीजन (एसएसआर) की घोषणा की है, जो कि 17 राज्यों में लागू होगा। यह निर्णय मतदाता सूची में गड़बड़ियों को लेकर चल रहे विवाद के बीच लिया गया है। हमेशा की तरह, मतदाता सूची का संक्षिप्त समीक्षा कार्य जारी रहता है, लेकिन इस बार विशेष समरी रिवीजन की प्रक्रिया शुरू की गई है। मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार और राजस्थान समेत 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में यह कार्य किया जाएगा।
इस संक्षिप्त समीक्षा के दौरान मतदाता सूची को अपडेट किया जाएगा, जिसमें नए नाम जोड़े जाएंगे और पहले से दर्ज जानकारी में सुधार किया जाएगा। आयोग ने यह भी बताया कि 2027 में 18 साल की उम्र पूरी करने वाले युवा भी मतदाता सूची में अपना नाम जोड़ने के लिए आवेदन कर सकेंगे। उल्लेखनीय है कि एसआईआर के दौरान 30 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में लगभग 13 करोड़ नाम वोटर लिस्ट से हटाए गए हैं।
हालांकि, चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि जिन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में एसआईआर चल रहा है या हाल ही में पूरा हुआ है, वहां एसएसआर का कार्यक्रम बाद में घोषित किया जाएगा। आयोग का उद्देश्य वोटर लिस्ट को सही और अद्यतन रखना है। इसके तहत योग्य मतदाताओं के नाम जोड़ने, दर्ज जानकारी में सुधार करने और आवश्यक बदलाव करने का कार्य किया जाएगा। विशेष ध्यान युवाओं और पहली बार वोट देने वालों को शामिल करने पर दिया जाएगा।
आयोग ने बताया कि एक जनवरी 2027 के अलावा एक अप्रैल, एक जुलाई और एक अक्टूबर 2027 को 18 साल की उम्र पूरी करने वाले युवा भी पहले से आवेदन कर सकेंगे। चुनाव आयोग के अनुसार, दो नवंबर 2026 तक मतदान केंद्रों की व्यवस्था में आवश्यक बदलाव किए जाएंगे। इसके बाद 12 नवंबर को मतदाता सूची का मसौदा जारी किया जाएगा। मसौदा सूची में नाम या जानकारी को लेकर 12 नवंबर से 11 दिसंबर तक दावे और आपत्तियां दर्ज कराई जा सकेंगी, जिनका निपटारा 28 दिसंबर तक किया जाएगा। इसके बाद चार जनवरी 2027 को वोटर लिस्ट की अंतिम सूची जारी की जाएगी।