छत्तीसगढ़ में धर्मांतरण के आरोपों पर विवाद, बजरंग दल का हंगामा
धर्मांतरण का विवाद
धर्मांतरण का मामला: छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में ट्रांसपोर्ट नगर स्थित एक होटल में प्रार्थना सभा को लेकर विवाद उत्पन्न हुआ। बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने कथित धर्मांतरण की आशंका जताते हुए होटल में पहुंचकर हंगामा किया, जिसके चलते स्थिति तनावपूर्ण हो गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और जानकारी जुटाई।
होटल में बुकिंग और लोगों की संख्या
होटल में लगभग 15 कमरे बुक किए गए थे, जिसमें करीब 40 व्यक्तियों के ठहरने की व्यवस्था की गई थी। बताया जा रहा है कि इसमें लाफा, पाली और कटघोरा जैसे विभिन्न क्षेत्रों से लोग शामिल थे।
धर्मांतरण के आरोप और बजरंग दल का विरोध
छत्तीसगढ़: बजरंग दल ने मिशनरी जॉन मसीह को पकड़ा, उन पर 40 से अधिक आदिवासी हिंदुओं को धर्मांतरण के प्रयास का आरोप लगाया गया है। आरोप है कि एक आवासीय घर को "इंडियन प्रेयर चर्च" में परिवर्तित किया गया है।
आरोपी को पुलिस को सौंप दिया गया। https://t.co/lhmmzNAIQ7
— मेघ अपडेट्स
(@MeghUpdates) 26 अक्टूबर 2026
जांच की प्रक्रिया
रिपोर्टों के अनुसार, सभी कमरे जॉन मसीह के नाम पर बुक किए गए थे, जिनमें से लगभग 10 लोग हिंदू परिवार से थे। बजरंग दल के जिला प्रमुख राणा मुखर्जी ने आरोप लगाया कि लोगों को प्रलोभन देकर धर्मांतरण के लिए प्रेरित किया जा रहा था। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। केवल प्रार्थना सभा का आयोजन अवैध धर्मांतरण को साबित नहीं करता।
बिना पहचान पत्र ठहरने का मामला
विवाद के दौरान कुछ व्यक्तियों के बीच हाथापाई की भी सूचना मिली है। घटना से जुड़े वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इसके अलावा, होटल में कुछ लोगों के बिना पहचान पत्र ठहरने का आरोप भी लगाया गया है।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों से पूछताछ की। अब होटल की बुकिंग, वहां ठहरे लोगों की पहचान, प्रार्थना सभा के आयोजन और विवाद के दौरान हुई मारपीट की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही धर्मांतरण के आरोपों और घटना की वास्तविक परिस्थितियों पर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।