छत्तीसगढ़ में वेदांता पावर प्लांट में विस्फोट, 10 मजदूरों की जान गई
वेदांता पावर प्लांट में भीषण विस्फोट
नई दिल्ली - छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले के सिंघीतराई में मंगलवार को वेदांता पावर प्लांट में एक भयंकर बॉयलर विस्फोट ने पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया। अचानक हुए इस धमाके के बाद प्लांट परिसर में आग और धुएं का गुबार फैल गया, जिससे वहां काम कर रहे श्रमिकों में अफरा-तफरी मच गई।
हादसे में जान-माल का नुकसान
10 मजदूरों की मौत, कई घायल
प्रारंभिक रिपोर्ट के अनुसार, इस दुर्घटना में कम से कम 10 श्रमिकों की जान चली गई, जबकि 30 से अधिक लोग घायल हुए हैं। इनमें से कई की स्थिति गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है।
धमाके के बाद की स्थिति
धमाके के बाद मची भगदड़
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विस्फोट की तीव्रता इतनी अधिक थी कि प्लांट में भगदड़ की स्थिति उत्पन्न हो गई। कई श्रमिक झुलस गए, जबकि कुछ को गंभीर चोटें आईं। मौके पर मौजूद श्रमिक जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते नजर आए। राहत और बचाव दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए घायलों को सुरक्षित बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया।
राहत कार्य जारी
राहत-बचाव कार्य जारी, कुछ के फंसे होने की आशंका
घटना की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस और बचाव टीमें मौके पर पहुंच गईं और अभियान शुरू किया गया। अधिकारियों के अनुसार, कुछ श्रमिकों के अब भी प्लांट परिसर में फंसे होने की आशंका है, जिन्हें निकालने के प्रयास जारी हैं।
हादसे का कारण
बॉयलर ट्यूब फटना प्रारंभिक कारण
पुलिस अधीक्षक प्रफुल ठाकुर ने बताया कि प्रारंभिक जांच में बॉयलर के ट्यूब के फटने को हादसे का मुख्य कारण माना जा रहा है। हालांकि, वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए तकनीकी विशेषज्ञों की टीम गठित कर विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है।
सुरक्षा मानकों पर सवाल
सुरक्षा मानकों पर उठे सवाल
इस घटना ने औद्योगिक इकाइयों में सुरक्षा व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय निवासियों और श्रमिक संगठनों ने उच्चस्तरीय जांच की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री ने जताया शोक
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस हादसे पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए मृतकों को श्रद्धांजलि दी और शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट की। उन्होंने घायलों के समुचित उपचार के निर्देश भी अधिकारियों को दिए हैं।