डोनाल्ड ट्रंप की चीन यात्रा: ईरान मुद्दे पर चीन से मदद की आवश्यकता नहीं
चीन यात्रा से पहले ट्रंप का महत्वपूर्ण बयान
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप आज चीन की महत्वपूर्ण यात्रा पर रवाना हो रहे हैं। इस यात्रा के दौरान, वे चीनी राष्ट्रपति से मुलाकात करेंगे। यह बैठक विश्व की दो प्रमुख शक्तियों के नेताओं के बीच हो रही है, जिस पर वैश्विक ध्यान केंद्रित है। चीन के लिए उड़ान भरने से पहले, ट्रंप ने स्पष्ट किया कि उन्हें ईरान मुद्दे पर चीन की सहायता की आवश्यकता नहीं है।
ट्रंप ने कहा कि वे ईरान के मुद्दे का सामना अकेले करने में सक्षम हैं और अमेरिका इस स्थिति को अपने तरीके से संभाल लेगा।
ट्रंप की चीन यात्रा की अवधि
13 से 15 मई तक चीन में रहेंगे ट्रंप
यह ट्रंप की 2017 के बाद पहली चीन यात्रा है, जो 13 से 15 मई के बीच निर्धारित है। व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह दौरा केवल राजनीतिक नहीं है, बल्कि इसमें अमेरिका के व्यापार और तकनीकी क्षेत्र के प्रमुख उद्योगपति भी शामिल होंगे।
इस प्रतिनिधिमंडल में टेक्नोलॉजी, बैंकिंग और मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्रों के प्रमुख सीईओ शामिल हैं।
व्हाइट हाउस के अनुसार, प्रथम महिला मेलानिया ट्रंप इस यात्रा में शामिल नहीं हो रही हैं। ट्रंप के साथ विदेश मंत्री मार्को रुबियो और उनके परिवार के सदस्य एरिक-लारा ट्रंप मौजूद हैं।
प्रतिनिधिमंडल में प्रमुख उद्योगपति शामिल
एलन मस्क और टिम कुक भी यात्रा में शामिल
इस महत्वपूर्ण प्रतिनिधिमंडल में टेक्नोलॉजी के दिग्गज एलन मस्क और एप्पल के सीईओ टिम कुक भी शामिल हैं। ट्रंप ने यात्रा से पहले शी जिनपिंग को अपना मित्र बताया और कहा कि उनकी बातचीत का मुख्य विषय द्विपक्षीय व्यापार और ईरान से संबंधित मुद्दे होंगे।
अमेरिका चीन के साथ अपने आर्थिक संबंधों को नई दिशा देने की कोशिश कर रहा है, और इस यात्रा में निवेश क्षेत्र के शीर्ष अधिकारियों की उपस्थिति इसका संकेत है। सूत्रों के अनुसार, ट्रंप और शी जिनपिंग के बीच बातचीत का एजेंडा व्यापार, निवेश और टैरिफ जैसे मुद्दों पर केंद्रित होगा।