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तेहरान में बम धमाकों से दहशत, अमेरिका-ईरान युद्ध का 15वां दिन

तेहरान में हाल ही में हुए जोरदार बम धमाकों ने शहर को दहशत में डाल दिया है। अमेरिका और ईरान के बीच चल रहा युद्ध अब 15वें दिन में प्रवेश कर चुका है। इस संघर्ष में ईरान ने अमेरिका के कई सैन्य उपकरणों को नष्ट किया है, जबकि कुवैत ने सुरक्षा बढ़ाने के लिए एक संदिग्ध ड्रोन को मार गिराया है। लेबनान में इजरायली हवाई हमले में स्वास्थ्य कर्मियों की मौत की भी खबर है। जानें इस जटिल स्थिति के बारे में और अधिक जानकारी।
 

तेहरान में जोरदार धमाकों की गूंज


तेहरान में बम धमाकों से दहशत


US-Iran War Update: अमेरिका और ईरान के बीच चल रहा युद्ध अब 15वें दिन में प्रवेश कर चुका है। 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के पहले हमले में ईरान के कई प्रमुख नेता मारे गए थे, लेकिन यह संघर्ष अब तक जारी है। ईरान लगातार जवाबी कार्रवाई कर रहा है, जिससे उसे नुकसान तो हो रहा है, लेकिन उसने अमेरिका के कई सैन्य उपकरण भी नष्ट किए हैं। इस संघर्ष में अमेरिका को भी भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है और कई सैनिकों की जान भी गई है।


शुक्रवार-शनिवार की रात फिर से हमले

शनिवार रात तेहरान में कई जोरदार धमाके हुए, जिससे शहर के कई हिस्से दहल गए। धमाकों की आवाजें शहर के मध्य हिस्से से आईं, जहां नागरिकों की बड़ी संख्या रहती है। बताया जा रहा है कि एक धार्मिक ट्रस्ट की खाली इमारत को निशाना बनाया गया, जो एक नागरिक अस्पताल के निकट स्थित थी। इस विस्फोट ने इमारत को गंभीर नुकसान पहुंचाया है और अस्पताल भी प्रभावित हो सकता है। इस बीच, शहर में सरकार के समर्थन में प्रदर्शन भी जारी था।


कुवैत ने सुरक्षा बढ़ाई

कुवैत की नेशनल गार्ड ने एक संदिग्ध ड्रोन को मार गिराने की जानकारी दी है। ब्रिगेडियर जनरल जदान फदल जदान ने बताया कि यह कार्रवाई सुरक्षा बलों की जिम्मेदारी वाले क्षेत्र में की गई। कुवैत की सरकारी समाचार एजेंसी के अनुसार, यह कदम महत्वपूर्ण ठिकानों की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए उठाया गया है। अधिकारियों ने कहा कि संभावित खतरों को रोकने के लिए सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हैं।


इजरायली हवाई हमले में स्वास्थ्य कर्मियों की मौत

लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि इजरायल के हवाई हमले में दो स्वास्थ्यकर्मियों की जान गई और पांच अन्य घायल हुए। यह हमला एक संयुक्त मेडिकल पॉइंट पर हुआ, जिसे इस्लामिक हेल्थ अथॉरिटी और इस्लामिक मैसेज स्काउट्स द्वारा चलाया जा रहा था। लेबनान सरकार ने इस हमले की कड़ी निंदा की है और इसे अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून का उल्लंघन बताया है।